पंजाब विश्वविद्यालय के यूबीएस सेंटर से अब एमबीए इंटरप्रेन्योर शुरू होने जा रहा है। इसका प्रस्ताव यूबीएस की ओर से तैयार किया गया है जो सिंडिकेट की बैठक में आ रहा है। इस पर मुहर लगेगी। इसके अलावा कई अन्य संकायों से शुरू होने वाले नवीन कोर्सेज के प्रस्तावों पर भी मुहर लगेगी। यूबीएस की ओर से लगभग 15 विषयों में एमबीए कराया जा रहा है। अब एमबीए इंटरप्रेन्योर शुरू किए जाने की तैयारी है। अंतरराष्ट्रीय बाजार में इसकी बढ़ती डिमांड को देखते हुए शिक्षकों ने यह प्रस्ताव तैयार किया है। सिलेबस भी विदेशी विश्वविद्यालय व आईआईएम की भांति मजबूत बनाया गया है जिससे यहां यूबीएस कहीं कमजोर साबित न हो। प्रथम चरण में यूबीएस की ओर से 50 सीटों का निर्धारण किया गया है। दूसरे चरण में यह सीटें बढ़ा दी जाएंगी।
एमबीए की 120 सीटें फुल
पंजाब विश्वविद्यालय के यूबीएस विभाग ने एमबीए के दाखिले कैट के जरिये किए हैं और सभी 120 सीटें फुल हो गई हैं। 750 से ज्यादा विद्यार्थी वेटिंग लिस्ट में हैं। पीयू का आईआईएम कोलकाता के साथ करार था। इस बार कैट एग्जाम इसी संस्थान द्वारा आयोजित किया गया था। कैट में बाजी मारने वाले विद्यार्थियों का यूबीएस की टीम ने ग्रुप डिस्कशन करके उनके दाखिले किए हैं। यहां दाखिले लेने वाले विद्यार्थियों की संख्या लगातार बढ़ रही हैं। पीयू के लुधियाना सेंटर पर एमबीए करने वाले विद्यार्थियों की संख्या कम है। सूत्रों का कहना है कि यदि वहां के सेंटर का भी एमओयू आईआईएम के जरिये साइन होता तो सीटें फुल हो जाती। किसी विद्यार्थी को परेशानी का सामना नहीं करना पड़ता। आसानी से दाखिले मिल जाते। हालांकि एमबीए के विद्यार्थियों को शैक्षिक गुणवत्ता के साथ-साथ कई सुविधाएं भी देना जरूरी हैं।
एमबीए इंटरप्रेन्योर में शुरू किए जाने की योजना बनाई है। यह प्रस्ताव सिंडिकेट की बैठक में आ रहा है। वहां से मंजूरी मिलने के बाद शुरू कर दिया जाएगा।
- प्रो. दीपक कपूर, चेयरमैन, यूबीएस पीयू