पंजाब यूनिवर्सिटी केंद्र सरकार से नया बजट लेने के लिए प्रस्ताव तैयार कर रहा है। इसके साथ ही पूर्व में मिली रकम का हिसाब भी लगाया जा रहा है। यह प्रस्ताव केंद्र को भेजा जाएगा तो वहां से पीयू के खजाने में 250 करोड़ रुपये आएंगे, जो सालभर चलेंगे। 440 करोड़ रुपये पीयू का आंतरिक बजट है। फिलहाल उसी बजट से सैलरी आदि का काम चलाया जा रहा है।
पीयू का बजट इस बार लगभग 700 करोड़ का है। इसमें 250 करोड़ रुपये केंद्र सरकार देगी। वहीं, 25 से 27 करोड़ रुपये पंजाब सरकार देती है। बाकी रकम पीयू अपने आंतरिक साधनों से कमाता है। इसमें फीस से लेकर तमाम कार्य शामिल हैं। अप्रैल से नया वित्तीय सत्र शुरू हो जाता है। ऐसे में बजट का प्रबंध करना पीयू के लिए कठिन होता है। फिलहाल जैसे-तैसे काम चलाया जा रहा है।
आंतरिक बजट के रूप में छात्रों से जो शुल्क आया है उसी से सैलरी आदि दी जा रही है। अब पीयू को केंद्रीय बजट की आवश्यकता है। बताया जा रहा है कि उसके लिए पीयू प्रस्ताव तैयार कर रहा है। अब तक मिली रकम का हिसाब केंद्र सरकार को देना होता है। खर्च रकम का प्रस्ताव जैसे ही केंद्र को जाएगा तो वहां से प्रथम किस्त जारी होगी।
बताया जा रहा है कि प्रथम किस्त के रूप में लगभग 100 करोड़ रुपये मिलेंगे।