अनिल वोहरा व्यापार मंडल के नए अध्यक्ष चुन लिए गए हैं। अध्यक्ष पद पर चरणजीव गुट ने कब्जा जमा लिया है। वोहरा ने अपने प्रतिद्वंद्वी कैलाश जैन को 106 वोट से हराया। वोहरा ने 255 वोट हासिल कर जीत दर्ज की, जबकि साहनी गुट के उम्मीदवार जैन को 149 मत से ही संतोष करना पड़ा।
व्यापार मंडल के 419 सदस्य हैं, जिनमें से 404 व्यापारियों ने मतदान किया। सेक्टर-26 के सत्संग भवन में सुबह 9 बजे मतदान शुरू हो गया था। दो बजे तक वोटिंग हुई। दोपहर बाद परिणाम 3:20 बजे चेयरमैन सतपाल गुप्ता ने घोषित किए। इसके बाद वोहरा गुट के समर्थकों ने जीत का जश्न मनाया।
भाजपा पार्षद कैलाश जैन की तरफ से कर रहे थे प्रचार
मालूम हो कि चरणजीव गुट का कई वर्षों से व्यापार मंडल के अध्यक्ष पद पर कब्जा है। इस बार कैलाश जैन के मैदान में आने के कारण इस गुट को जीतने के लिए अधिक मेहनत करनी पड़ी, क्योंकि जैन के समर्थन में भाजपा पार्षद सतप्रकाश अग्रवाल के अलावा कई वरिष्ठ नेता भी प्रचार कर रहे थे।
सेक्टर-23 की मार्केट एसोसिएशन के अध्यक्ष नरेश महाजन का आरोप है कि जैन के लिए कांग्रेस और भाजपा के नेता मदद कर रहे थे। वोहरा की जीत से साबित हो गया है कि व्यापारियों को व्यापार मंडल में राजनीतिक हस्तक्षेप नहीं चाहिए।
हर समस्या में व्यापारियों के साथ हूं
प्रचार के दौरान ही व्यापारी मतदाताओं ने भरपूर समर्थन दे दिया था। पूर्व अध्यक्ष चरणजीव सिंह की ओर से चार साल साल में किए गए कामों को देखकर ही व्यापारी मतदाताओं ने उन्हें जीत दिलाई है। जो वादे किए गए हैं, वे पूरे किए जाएंगे। व्यापार मंडल के मान-सम्मान को और बढ़ाया जाएगा। मैं शहर के हर व्यापारी की समस्या के साथ खड़ा हूं।
अनिल वोहरा, नवनियुक्त अध्यक्ष, व्यापार मंडल।
शायद रणनीति में ही कोई कमी रह गई : कैलाश जैन
हार-जीत लगी रहती है। मैं इस बात से संतुष्ट हूं कि मैं शून्य से शुरू हुआ व 40 प्रतिशत मत हासिल किए। प्रचार के दौरान व्यापारियों का भरपूर समर्थन मिला, लेकिन मैं उन्हें वोट में नहीं बदल पाया। शायद रणनीति में ही कोई कमी रह गई। मैं अनिल वोहरा को बधाई देता हूं और फैसले का स्वागत करता हूं। व्यापार मंडल को मजबूत बनाने के लिए मैं कंधा से कंधा मिलाकर साथ चलूंगा और वर्तमान गुट की जो गलत नीतियां हाेंगी, उनका अच्छे विपक्ष की भूमिका निभाते हुए विरोध करूंगा।
कैलाश जैन, हारने के बाद
चरणजीव को बनाया जा सकता है चेयरमैन
चार साल से चरणजीव सिंह अध्यक्ष थे, लेकिन अब व्यापार मंडल की कार्यकारिणी का गठन किया जाएगा। माह के अंत तक कार्यकारिणी की घोषणा कर दी जाएगी, जिसमें चरणजीव सिंह को व्यापार मंडल का चेयरमैन बनाया जा सकता है। छह साल पहले जब दिवाकर सहूजा व्यापार मंडल के अध्यक्ष बने थे, उस समय चरणजीव सिंह को चेयरमैन बनाया गया था। कार्यकारिणी में 40 से ज्यादा पदाधिकारियों को नियुक्त किया जाएगा, जिन्हें मनोनीत करने का अधिकार व्यापार मंडल के नए अध्यक्ष अनिल वोहरा के पास ही है।
एक व्यापारी बैठा धरने पर
मतदान केंद्र के बाहर कड़कती धूप में सेक्टर-34 के व्यापारी मतदाता अश्वनी सड़क पर चादर बिछाकर विरोध स्वरूप बैठ गए। उनका आरोप था कि चरणजीव गुट की ओर से उन्हें अपने पक्ष में वोट डालने के लिए धमकाया गया, जबकि चरणजीव सिंह का कहना है कि उन्होंने किसी को नहीं धमकाया है। जब वह प्रचार करने मार्केट गए थे तो वहां पर उनके सामने ही संजीव के साथ एक अन्य व्यापारी मतदाता के साथ बहस हो गई थी।