निगम सदन में नशे के खिलाफ कार्रवाई पर सियासी घमासान, आप पार्षद बुटरेला बोले- नशे के मुद्दे पर राजनीति नहीं करनी चाहिए
संवाद न्यूज एजेंसी
चंडीगढ़। शहर में नशे के खिलाफ चलाए गए अभियान को लेकर बुधवार को नगर निगम सदन में सियासी घमासान देखने को मिला। मेयर सौरभ जोशी ने चंडीगढ़ में नशा तस्करों के खिलाफ हुई कार्रवाई का जिक्र करते हुए पंजाब की आम आदमी पार्टी सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि चंडीगढ़ में नशा पंजाब से आता है। यहां नशा बेचने वालों के घरों पर बुलडोजर तक चलाया गया जबकि पंजाब में नशे के खिलाफ अभियान केवल कागजों में चल रहा है। इस पर आम आदमी पार्टी के पार्षद हरदीप सिंह बुटरेला ने पलटवार करते हुए मेयर को नशे के मुद्दे पर राजनीति नहीं करने की नसीहत दी।
चार महीने में 173 एफआईआर, 1092 लोग हिरासत में
मेयर सौरभ जोशी ने सदन को बताया कि चंडीगढ़ में नशे के खिलाफ चार महीने तक अभियान चलाया गया। इस दौरान पुलिस ने 173 एफआईआर दर्ज कीं और 1092 लोगों को हिरासत में लिया। उन्होंने कहा कि 26 जून को नगर निगम सदन में पंजाब के राज्यपाल एवं चंडीगढ़ के प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने अपने संबोधन के दौरान अभियान की शुरुआत की थी। इसके बाद 11 सितंबर को सेक्टर-17 प्लाजा में भी नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाया गया। मेयर ने कहा कि चंडीगढ़ पुलिस ने नशा बेचने वालों के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। तस्करों के घरों पर बुलडोजर चलाने जैसी कार्रवाई भी की गई। उन्होंने आरोप लगाया कि पंजाब में नशा खुलेआम बिक रहा है और वहां की सरकार इस पर प्रभावी कार्रवाई नहीं कर रही। मेयर ने पंजाब सरकार को चंडीगढ़ से सीख लेने की सलाह भी दी।
बुटरेला का गुजरात और पाकिस्तान से नशा आने का आरोप
मेयर के बयान पर आप पार्षद हरदीप सिंह बुटरेला ने कहा कि पंजाब में नशा गुजरात या पाकिस्तान की ओर से आता है। उन्होंने सीमा पर तैनात केंद्रीय सुरक्षा बलों की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि नशे की तस्करी रोकने में वे सफल नहीं हो पा रहे हैं।
मनीमाजरा सब ऑफिस में फायर एनओसी के लिए 62.80 लाख मंजूर, रोज फेस्टिवल पर 1.32 करोड़ खर्च का प्रस्ताव
नगर निगम सदन ने बुधवार को कई अहम एजेंडों को मंजूरी दी। मनीमाजरा सब ऑफिस में फायर सेफ्टी उपकरण लगाने के लिए 62.80 लाख रुपये मंजूर किए गए। चीफ इंजीनियर संजय अरोड़ा ने बताया कि कार्यालय में अभी हाईटेंशन बिजली कनेक्शन नहीं है, जिसके बिना फायर एनओसी नहीं मिल सकती। पहले एचटी कनेक्शन लिया जाएगा, फिर टेंडर आवंटन के तीन महीने के भीतर उपकरण लगाए जाएंगे। इससे कर्मचारियों और ई-संपर्क केंद्र में आने वाले लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित होगी।
फरवरी के तीसरे सप्ताह में होने वाले तीन दिवसीय रोज फेस्टिवल के लिए 1 करोड़ 32 लाख 65 हजार रुपये का एजेंडा मंजूर किया गया। निगम कमिश्नर ने कहा कि आयोजन जीरो खर्च आधारित रखने का प्रयास होगा। कंपनी नहीं मिलने पर निगम टेंडर जारी करेगा। इस बार हेलीकॉप्टर राइड की योजना भी है।
एमओएच विंग के 3692 क्लास-थ्री और क्लास-फोर कर्मचारियों को सालभर का सरसों तेल, डिटोल साबुन और गुड़ मिलेगा। पार्षदों ने सीवरमैन को भी इसमें शामिल करने की मांग की। सदन ने लायन सर्विस के सफाई कर्मचारियों को हर महीने सात तारीख तक वेतन देने का फैसला किया। निगम कमिश्नर अमित कुमार ने कहा कि अगले महीने से टेंडर की शर्त 2.3(पी) लागू होगी। रेजिडेंशियल प्रॉपर्टी टैक्स फ्लोर-वाइज जमा कराने को भी मंजूरी दी गई। हर मंजिल का मालिक अपना हिस्सा जमा कर सकेगा और बकायेदार मालिक पर अलग कार्रवाई होगी। कमर्शियल और इंडस्ट्रियल प्रॉपर्टी का टैक्स सभी मालिकों की आईडी से ही जमा होगा।