कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष प्रदीप छाबड़ा ने एडवाइजर विजय कुमार देव के अचानक ट्रांसफर पर सांसद किरण खेर और स्थानीय भाजपा नेताओं से सवाल किया है कि देव का ट्रांसफर क्यों किया गया। देव तो लोगों की सुनने वाले अफसर थे। यह शहर के लिए दुख की बात है।
होम मिनिस्ट्री ने उनका ट्रांसफर कर ठीक नहीं किया। विजय कुमार देव आसानी से लोगों की पहुंच में थे। वह लोगों की समस्याएं सुनने के लिए घरों तक स्वयं संबंधित अधिकारियों के साथ पहुंच जाते थे। छाबड़ा ने कहा कि विजय देव ईमानदारी से काम कर रहे थे। उन पर कोई आरोप नहीं थे। उनका कार्यकाल समाप्त हुए बिना एक साल में ही ट्रांसफर क्यों कर दिया गया। क्या सांसद और स्थानीय बीजेपी नेताओं के पास जवाब है।