पंजाब निकाय चुनाव में बागियों के खिलाफ अकाली-भाजपा गठबंधन की अनुशासनात्मक कार्रवाई जारी है। भाजपा ने मंगलवार को अपने अधिकृत प्रत्याशियों के खिलाफ चुनाव लड़ने या प्रचार करने वाले 28 नेताओं को छह वर्ष के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया, वहीं शिअद ने सोमवार को अपने सभी बागियों की प्राथमिक सदस्यता समाप्त कर दी।
शिअद ने मंगलवार को निकाले गए 60 नेताओं के नामों की सूची भी जारी कर दी है। पंजाब भाजपा के सचिव सुभाष शर्मा और शिअद सचिव डॉ. दलजीत सिंह चीमा के अनुसार यह कार्रवाई पार्टी विरोधी गतिविधियों की वजह से की गई है और कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष कमल शर्मा ने नगर निगम मोगा, बठिंडा और होशियारपुर में पार्टी विरोधी गतिविधियों की वजह से क्रमश: 6, 5 व 17 नेताओं को बाहर का रास्ता दिखाया है। इनमें मोगा से आशा बंसल, रमेश गुलाटी, राजेश शर्मा, गुरचरण कौर, बीना रानी और कुसुम बाली तथा बठिंडा के इंद्र लाल, मंदीप अगरोहिया, बसंत सिंह अगरोहिया, संजय बिसवाल व गुरमीत कौर शामिल हैं।
इसी प्रकार नगर निगम होशियारपुर के चुनाव के संबंध में हरप्रीत कौर, रछपाल कौर, जतिंदर सैनी, संदीपीनी सगड़, बलजीत सिंह राजा, परमजीत कौर, गुरप्रीत कौर, मीना कुमारी, सुरिंदर बीटन, अजय कुमार, रछपाल ठाकुर, अमरजीत रमण, जगदीश कुमार अग्रवाल, मंजीत सिंह बिल्लू, सुरिंदर पाल दीवान, अमीर चंद और रजनी बाला को निष्कासित किया गया है।
शिअद ने निकाले 14 निकायों से संबंधित नेता
शिअद ने प्रदेश के तीन नगर निगमों और 11 परिषदों के प्रचार में पार्टी नेताओं की खिलाफत करने वालों को निष्कासित किया है। इनमें 7 बठिंडा, 4 मोहाली तथा 2 होशियारपुर नगर निगम से संबंधित हैं। मोहाली में निष्कासित किए गए चार नेताओं में कुलवंत सिंह प्रमुख हैं, जो गत लोकसभा चुनाव में फतेहगढ़ साहिब से शिअद प्रत्याशी थे। अन्य निष्कासित शिअद नेताओं में 6 दसूहा, 28 मोगा, 3 करतारपुर, 2-2 खन्ना व पायल और 1-1 खमाणों, सरहिंद, मंडी गोबिंदगढ़, नकोदर तथा दोराहा से संबंधित हैं।