नया साल शुरू होते ही पाकिस्तान ने भारत के साथ रेल व्यापार करने से इंकार कर दिया और अब इसका बड़ा साइड इफेक्ट देखने को मिल रहा है। दरअसल, इस इंकार के चलते भारत को करोड़ों का नुकसान हो रहा है। बॉर्डर पर पाकिस्तान जाने के लिए भारतीय मूंगफली, सब्जियों के बीज, जीरा, मेडिकल की किताबों से लोड करीब 350 ट्रक अभी खड़े हैं।
इन ट्रकों में दिल्ली, उत्तरप्रदेश व मध्यप्रदेश के व्यापारियों की करोड़ों का सामान है। जिसे पाकिस्तान भेजने के लिए भारतीय मालगाड़ी नही मिल पा रही है। अमृतसर रेल कारगो में कस्टम क्लीयरिंग एजेंसियों का काम ठप है। फिरोजपुर रेल डिवीजन के अंतर्गत चल रहे इस रेल व्यापार में मालगाड़ी के खाली डिब्बों को लेकर व्यापारियों की परेशानी कम होती नही दिख रही।
इस समय दोनों देशों के बीच व्यापार का सीजन है और व्यापारियों को समय से मालगाड़ी नही मिल रही। मनजिंदर सिंह (कस्टम क्लीयरिंग एजेंट) ने कहा कि जब व्यापारियों से रेल एडवांस किराया लेती है तो फिर समय से मालगाड़ी के डिब्बे क्यों नही देतीं। पाक जाने के लिए करीब साढ़े तीन सौ ट्रक लोड खड़े हैं। यह मूंगफली का सीजन है और पाक से इनकी डिमांड भी है। फिर भी मालगाड़ी के न होने से व्यापारी इनको भेज नही पा रहे हैं।