ऐसे कामकाजी या ऐसे यात्री जो सीटीयू की बसों से मोहाली आते जाते हैं। उनके काम की खबर। दरअसल मोहाली के ऑटो चालकों ने चंडीगढ़ प्रशासन को आखिर बुधवार तक का समय दे दिया है। अगर प्रशासन ने उन्हें इस दौरान चंडीगढ़ से ऑटो ले जाने की अनुमति नहीं दी तो वीरवार को मोहाली जिले में सीटीयू की बसों को रोक देंगे। यह फैसला मंगलवार को डीजल ऑटो यूनियन के पदाधिकारियों ने डीसी मोहाली से हुई मीटिंग के बाद लिया।
डीसी ने यूनियन को बुधवार तक उनकी मांग हल करने का भरोसा दिया है। इसके बाद ऑटो चालकों ने सीटीयू की बसों को नहीं रोकने का फैसला लिया है। हालांकि, चालकों की हड़ताल जारी रहेगी। यूनियन के प्रधान जोगिंदर पाल ने बताया कि डीसी के आश्वासन के बाद यूनियन ने बसों को घेरने की योजना एक दिन के लिए टाल दी गई है।
डीसी ने वादा किया है कि चंडीगढ़ प्रशासन से बात कर डीजल ऑटो से प्रतिबंध हटवाए जाएंगे। वहीं, उन्होंने साफ किया है कि अगर उनकी मांग नहीं मानी गई तो वीरवार को शहर के सभी रास्तों को घेर कर सीटीयू की बसों को रोका जाएगा।
एंट्री प्वाइंट्स को घेरने की तैयारी
ऑटो चालकों ने योजना बनाई है कि चंडीगढ़ प्रशासन अगर प्रतिबंध नहीं हटाता है तो शहर के सभी एंट्री प्वाइंट्स को बंद करेंगे। साथ ही सीटीयू की बसों को वापस भेजा जाएगा। इसके लिए ऑटो चालक टीम बनाकर खिदराबाद, खरड़, सोहाना और फेज-9 के रास्तों को का घेराव करेंगे। सीनियर वाइस प्रेसिडेंट सुरेंद्र कलेर ने बताया कि यूनियन ने पुलिस और डीसी से चार दिन पहले रास्ते रोकने की अनुमति ले ली है।
कांग्रेस ने दिया समर्थन, विधायक मिलेंगे गवर्नर से
यूनियन के नेताओं को मुताबिक कांग्रेस ने ऑटो चालकों के साथ सड़कों पर उतरने की तैयारी कर ली है। यूनियन के प्रधान जोगिंद पाल ने बताया कि विधायक बलबीर सिद्धू ने उन्हें आश्वासन दिया है कि गवर्नर से मिलकर उनकी मांगों को पूरा करवाया जाएगा। फिर भी अगर मांगें नहीं मानी तो चंडीगढ़ प्रशासन के खिलाफ ऑटो चालकों के साथ कांग्रेस उनके आंदोलन में एकजुट होगी।