विदेश राज्यममंत्री एवं पूर्व सेना चीफ जनरल वीके सिंह ने आरोप लगाया है कि अगस्ता वेस्टलैंड सौदे में हुई घपलेबाजी व भ्रष्टाचार में कुछ तत्कालीन सैन्य अफसरों की भी पूरी मिलीभगत रही। इसकी परतें अब जांच दर जांच खुलकर सामने आ जाएंगी। इन अफसरों को इस घपलेबाजी और भ्रष्टाचार का पूरा आभास था, लेकिन फिर भी इस डील को आगे बढ़ाया गया।
अमर उजाला’ से विशेष बातचीत में केंद्रीय मंत्री ने कहा कि उन्होंने पहले भी इस बात पर जोर दिया था कि मिनिस्ट्री ऑफ डिफेंस से जुड़े तत्कालीन सैन्य अफसरों पर यदि सख्ती की जाए तो इस सौदे से जुड़ी सारी घपलेबाजी सामने आ जाएगी।
उन्होंने कहा कि इटली की कोर्ट ने भी अब ये स्वीकार कर लिया है कि इस सौदे में रिश्वत का लेनदेन हुआ है, इसलिए अब इस देश के लोग भी यह जानना चाहते हैं कि आखिरकार इस सौदे में हुई घपलेबाजी और भ्रष्टाचार में कौन-कौन से भारतीय अफसर व नेतागण शामिल हैं।
पाक जानता है कि आतंकी उन्हीं के देश के थे
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि पठानकोट एयरबेस में हुए आतंकी हमले का सारा सच पाकिस्तान जानता है। पाकिस्तान यह भी जानता है कि आतंकी उन्हीं के देश से आए थे। पाक जांच दल का पठानकोट आकर जांच करने की बात पर जनरल वीके ने कहा कि पहली बार ऐसा हुआ है कि पाकिस्तान का जांच दल ने आतंकी घटना के बाद भारत में आकर जांच की है। जबकि पाकिस्तान को इस आतंकी घटना का डोजियर पहले ही दिया जा चुका है। इसलिए पाकिस्तान को अब बताने की जरूरत नहीं है कि ये आतंकी कहां से आए थे?