मजिस्ट्रेट से धक्का-मुक्की करते लोग।
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पंजाब के कपूरथला में जालंधर रोड पर मंसूरवाल के समीप निजी भूमि की निशानदेही करवाने पहुंची ड्यूटी मजिस्ट्रेट की टीम पर अवैध कब्जाधारकों ने पथराव कर दिया। थाना सिटी की पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों की सुरक्षा करने में नाकाम रही। विरोध करने वालों ने ड्यूटी मजिस्ट्रेट से न केवल धक्का-मुक्की की बल्कि तेल डालकर जलाने की कोशिश भी की। मामला बिगड़ता देख थाना कोतवाली व थाना सदर प्रभारी मौके पर पहुंचे और स्थिति को संभाला। हालांकि इस मामले में किसी के जख्मी होने की सूचना नहीं है। कई घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आखिर प्रशासनिक अधिकारियों की टीम ने निशानदेही प्रक्रिया मुकम्मल करवा दी।
जालंधर रोड स्थित मंसूरवाल क्षेत्र की दो कनाल भूमि सरकारी रिकॉर्ड अनुसार दरबारा सिंह पुत्र अजीत सिंह निवासी गांव ढपई के नाम दर्ज है। इस जमीन की निशानदेही करवा कब्जा दिलवाने के लिए एसडीएम की अदालत में पिटीशन दायर की थी। इसके बाद एसडीएम कपूरथला लाल विश्वास ने सरकारी दस्तावेज के आधार पर मालिक दरबारा सिंह की दो कनाल भूमि की निशानदेही कर कब्जा देने के लिए नायब तहसीलदार(ड्यूटी मजिस्ट्रेट) फगवाड़ा पवन कुमार को बतौर ड्यूटी मजिस्ट्रेट नियुक्त किया था।
ड्यूटी मजिस्ट्रेट पवन कुमार गुरुवार दोपहर जमीन की निशानदेही करने थाना सिटी पुलिस के साथ मौके पर पहुंचे तो जमीन पर अवैध कब्जाधारकों ने ड्यूटी मजिस्ट्रेट की टीम के साथ धक्कामुक्की की और उन पर कथित तौर पथराव कर दिया। पवन कुमार ने आरोप लगाया कि उन पर तेल डालकर जलाने की कोशिश भी की और टीम के कुछ लोगों के कपड़े भी फाड़े गए हैं।
उन्होंने बताया कि सरकारी काम में विघ्न डालने और पत्थरबाजी करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई जाएगी। गौर हो कि यह सारी घटना सिटी थाना प्रभारी कृपाल सिंह व पुलिस बल की मौजूदगी में हुई, परंतु वह लाचार हो देखते रहे। मौके की नजाकत को देखते हुए तुरंत थाना कोतवाली प्रभारी कश्मीर सिंह और थाना सदर प्रभारी सोनमदीप कौर भी टीम लेकर पहुंचे और माहौल को शांत किया। नायब तहसीलदार पवन कुमार ने बताया कि कई घंटे की मशक्कत के बाद आखिर जमीन की निशानदेही कर जमीन मालिक दरबारा सिंह पुत्र अजीत सिंह को सौंप दी गई है।