एयरफोर्स भर्ती परीक्षा में पकड़े गए नकल के खेल में अपोलो अस्पताल का डॉक्टर भी फंस गया है। हिसार बाइपास स्थित श्रीकृष्णा ऑन लाइन सोल्यूशन एकेडमी के साथ लगते अस्पताल की छत पर कमरे में कंट्रोल रूम बनाया गया था। इसे डॉक्टर ने किराए पर दिया था। पुलिस इस मामले में गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश कर रही है। इस कड़ी में कई जगह छापे भी मारे गए।
शहर थाना प्रभारी इंस्पेक्टर जगबीर सिंह ने भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी करने के मामले में जांच करते हुए मंगलवार को एक और आरोपी को गिरफ्तार किया। यह नया आरोपी अपोलो अस्पताल का डॉक्टर प्रमोद है। पूछताछ में सामने आया है कि इसी ने फर्जीवाडा करने वालों को अस्पताल की छत पर बना कमरा किराए पर दिया था। यहीं बैठ कर दो आरोपियों ने ऑन लाइन पेपर उठाया और हल कराने के लिए आगे भेजा।
पुलिस इस मामले में शामिल दूसरे आरोपियों की जोरशोर से तलाश कर रही है। एकेडमी संचालकों के पकड़ में आने से इस मामले की गुत्थी काफी हद तक सुलझने की संभावना है। दोनों पार्टन इस फर्जीवाड़े में बड़ा खुलासा कर सकते हैं। इसके अलावा पुलिस को गुड़गांव में कम्प्यूटर सोफ्टवेयर बेचने वाले की भी तलाश है। इससे भी कई सवालों के जवाब मिलने हैं।
इधर, पुलिस रिमांड पर लिए दो आरोपियों से पूछताछ कर रही है। इन्हें बुधवार को रिमांड पूरा होने पर अदालत में पेश किया जाएगा। यहां अदातल से दोबारा इनका रिमांड लिए जाने की संभावना है। इसकी वजह मुख्य आरोपियों का सुराग नहीं लगना है।