श्री दरबार साहिब जी में साथियों समेत माथा टेकने पहुंचा अमृतपाल सिंह।
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खालिस्तान समर्थक अमृतपाल सिंह अजनाला पुलिस से अपनी साथी लवप्रीत सिंह उर्फ तूफान को छुड़वाने के बाद शुक्रवार शाम को श्री हरमंदिर साहिब जी में माथा टेकने और शुकराना की अरदास करने पहुंचा। उसके साथ 100 से अधिक समर्थक हथियारों से लैस होकर पहुंचे थे। लाइन में लग कर अमृतपाल ने श्री हरमंदिर साहिब जी में माथा टेका और श्री अकाल तख्त साहिब पर भी वह अपने समर्थकों के साथ नतमस्तक होने पहुंचा।
इस दौरान अमृतपाल सिंह ने कहा कि पंजाब पुलिस के डीजीपी ने अजनाला घटना को लेकर कानूनी कार्रवाई की बात कही है। उन्हें इस तरह के बयान नहीं देने चाहिए। अगर पुलिस डीजीपी के आदेश पर कोई एक्शन लेती है तो पंजाब का युवा फिर धरना शुरू करेगा। अब डीजीपी और सरकार को चाहिए कि इस चैप्टर को यहीं खत्म कर दें। हम राज्य के हालात खराब करना नहीं चाहते है। हम दोबार पहले की तरह ही खालसा मार्च का आयोजन करेंगे और राज्य के गांव-गांव जाकर अमृतसंचार करेंगे और नशा छुड़वाएंगे।
अमृतपाल ने कहा कि हमा नशा छुड़वा रहे है। यह काम सरकार को करना चाहिए था। युवा नशा छोड़ रहे है। इससे सरकार के लोगों का कारोबार बंद हो रहा है। यही कारण है कि हमारे ऊपर झूठा मामला दर्ज कर दिया गया। अमृतसर पाल ने कहा कि साथी की रिहाई पंथ की जीत है। रिमांड के दौरान पुलिस ने लवप्रीत तूफान को मानसिक व शारीरिक रूप में प्रताड़ित किया है। पुलिस ऐसा हमेशा ही करती है।
अमृतपाल ने कहा कि पंजाब एक शांतिपूर्ण राज्य है। परंतु पुलिस और मीडिया इसे गलत रूप में पेश कर रहा है। उन्होंने कहा कि अगर पुलिस अब भी उनके साथियों को पकड़ने के खातिर छापा मारती है तो युवा दोबारा संघर्ष के रास्ते पर चल पड़ेंगे। उन्होंने कहा कि सरकारों और पुलिस की नीतियों के कारण पहले युवा गैंगस्टर बन गए थे और अगर पुलिस दोबारा तंग परेशान करेगी तो युवा दोबार घरों से फरार होकर डाकू बनेंगे। इसकी जिम्मेदारी पुलिस और सरकार की होगी। अमृतपाल ने कहा कि यूपी जैसे राज्यों में ऐसी घटनाएं रोज होती हैं। परंतु पंजाब की घटनाओं को गलत ढंग से पेश किया जा रहा है।