क्या कहते हैं होनहार छात्र
आईएएस अधिकारी बनना चाहती हैं
आईएएस अधिकारी बनना चाहती हूं। आर्ट्स सेक्शन में पढ़ती हूं। 500 में से 483 अंकों के साथ 12वीं की परीक्षा उत्तीर्ण की है। मैंने कभी ट्यूशन नहीं पढ़ा और सारी पढ़ाई खुद ही करती हूं। परीक्षा के दौरान करीब सात से आठ घंटे तक पढ़ाई की। आगे की पढ़ाई के लिए गवर्नमेंट कॉलेज रायपुररानी में प्रवेश लिया है। मेरी शिक्षा में अभिभावकों का अहम योगदान है। - खुशबू, गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल रायपुररानी
चार्टर्ड अकाउंटेंट बनना लक्ष्य
कॉमर्स अच्छा लगता है। इसी वजह से शुरू से ही इस विषय को लेकर करिअर प्लान किया है। मैं चार्टर्ड अकाउंटेंट बनना चाहती हूं। 12वीं की पढ़ाई के दौरान सुबह एक घंटे और शाम को दो घंटे पढ़ाई करती थीं। सुनील सर के साथ माता-पिता ने पढ़ाई में काफी सहयोग दिया। - दीपिका, गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल नानकपुर
जज बनना ही मेरा उद्देश्य
12वीं में 476 अंक हासिल किए। लक्ष्य हासिल करने के लिए दिन-रात पढ़ाई की। पिंजौर की रहने वाली हूं और वहीं से स्कूल आती-जाती थीं। मेरा लक्ष्य जज बनना है। इसी वजह से क्लैट (कॉमन लॉ एडमिशन टेस्ट) की परीक्षा दी है। इसके साथ ही पंजाब विश्वविद्यालय से भी फार्म भरा है। अर्थशास्त्र सबसे शानदार विषय लगता है। - दुशाली गुप्ता, सार्थक स्कूल सेक्टर-12ए
मेरा पसंदीदा विषय कॉमर्स है। चार्टर्ड अकाउंटेंट बनना चाहती हूं। 12वीं में 483 अंक हासिल करना चुनौतीपूर्ण था। इसलिए रोजाना छह घंटे पढ़ाई की। स्कूल के अध्यापक मनोज सर ने काफी सहायता की। उनकी वजह से अकाउंट्स में मेरी पकड़ काफी मजबूत हो गई। माता-पिता के सहयोग की वजह से ही यह मुकाम हासिल किया। - कनिका अग्रवाल, गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल रायपुररानी
कॉमर्स मेरा प्रिय विषय, इसी में बनाऊंगी करिअर
12वीं की परीक्षा 476 अंकों के साथ उत्तीर्ण की है। कॉमर्स मेरा प्रिय विषय है। चार से पांच घंटा रोजाना पढ़ाई करती थीं। एकाउंट्स और बिजनेस में दीपा मैडम ने काफी मदद की। सरकारी स्कूलों को कम नहीं समझना चाहिए। छात्रों की समस्याओं का समाधान बेहतर ढंग से होता है। मेरा लक्ष्य चार्टर्ड अकाउंटेंट बनना है। - रोशनी, गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल संस्कृति, सेक्टर-20
सिविल सर्विसेज की तैयारी में जुटे हैं सुरेंद्र
12वीं में 483 अंक प्राप्त किए हैं। अब सिविल सर्विसेज की तैयारी में जुटा हूं। अमर उजाला के सम्मान का आभारी हूं। रोजाना एक घंटा न्यूज सुनता हूं। इसके अलावा अखबार पढ़ने के साथ-साथ करंट अफेयर की जानकारी रखता हूं। साथ ही क्विज प्रतियोगिता में भाग लेता हूं। 12वीं उत्तीर्ण करने के लिए रोजाना चार घंटे पढ़ाई की। - सुरेंद्र प्रजापति, गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल संस्कृति, सेक्टर-20
शुभम ने बताया कि वे एक आर्किटेक्ट बनना चाहते हैं। उनका प्रिय विषय गणित है। उन्होंने बताया कि रोजाना करीब दो घंटे गणित का अभ्यास करते थे, उसी वजह से गणित में उनके 99 अंक आए। उन्होंने बताया कि साइंस में भी उन्होंने काफी मेहनत की थी। इसका नतीजा यह रहा कि उस विषय में भी उनको 99 अंक मिले। शुभम ने हाईस्कूल की परीक्षा 493 अंकों के साथ उत्तीर्ण की है। जैनेंद्र सीनियर सेकेंडरी स्कूल पंचकूला के छात्र शुभम मौर्या
आईएएस अधिकारी बनना ही मेरा लक्ष्य
लक्ष्य आईएएस अधिकारी बनना है। खुद ही पढ़ाई की और स्कूल के अध्यापकों की मदद ली। मुझे गणित सबसे प्रिय विषय लगता है। गणित के पेपर के एक दिन पहले तबियत खराब हो गई थी। लग रहा था कि परीक्षा नहीं दे सकूंगी लेकिन परीक्षा दी और 486 अंकों के साथ उत्तीर्ण की। गणित में 97 अंक आए। इससे पता चला की लक्ष्य को पाने के लिए हौसला बेहद जरूरी है। शुभा, हाईस्कूल की छात्रा, गवर्नमेंट सीनियर सेकेंडरी स्कूल बरवाला
आईएएस बनकर देश सेवा करने का लक्ष्य
हाईस्कूल की परीक्षा 488 अंकों के साथ उत्तीर्ण की। मेरी शिक्षा में माता-पिता का अहम योगदान है। दोनों के प्रयासों के माध्यम से ही यह मुकाम हासिल किया है। मैंने स्कालरशिप की परीक्षा भी दी है और उम्मीद है कि इस परीक्षा में पास हो जाऊंगी। मेरा लक्ष्य आईएएस अधिकारी बनकर देश सेवा करना है। मनीषा, हाईस्कूल की छात्रा, गवर्नमेंट मॉडल सीनियर सेकेंडरी स्कूल सार्थक