सलमान खान बहुत अच्छे इंसान है इसी लिए उनकी इज्जत करता हूं, याद है जब हीरोज की शूटिंग के लिए पंजाब आया था तो सलमान के साथ मेरा एक सीन था जिसमें वह पगड़ी पहने हुए थे।
सीन खत्म कर मैं और सलमान वेनटी में पहुंचे तो सलमान ने कहा कि सिगरेट पीने का मन है मुझे अपनी पगड़ी उतारनी पड़ेगी, मैंने पूछा क्यों तो उन्होंने कहा पगड़ी पहने कर आप सिगरेट नहीं पी सकते, उस वक्त वेनीटी में सिर्फ वह और मैं थे फिर भी सलमान ने वही किया जो सही था। सलमान के साथ अपना सफर साझा करते हुए यह है वत्सल सेठ।
वत्सल सोमवार शाम को अमर उजाला के ऑफिस पहुंचे। अमर उजाला चंडीगढ़ के स्थानीय संपादक सतींदर बैंस ने वत्सल का अभिनंदन किया और शुरू हुई अमर उजाला के स्टाफ के साथ वत्सल की बातचीत।
वत्सल को देख सब उनके शो जस्ट मोहब्बत के बारे में पूछने लगे, वत्सल ने कहा कि वह बीएससी कंप्यूटर साइंस करने के दौरान अपने एक दोस्त के घर ट्यूशन पढ़ने जाता था, दोस्त की मम्मी कास्टिंग डायरेक्टर थी, उनकी नजर मुझ पर पड़ी और मुझे नाटक में एक्टिंग करने को कहा, ऑडिशन के वक्त कुछ बोल नहीं पाया एक घंटे तक लाइन याद करता रहा लेकिन याद नहीं हो पाई, थक हार कर मुझे कुछ भी बोलने को कहा और मैंने ऐसे ही कुछ लाइन बोल दी बस उसे सुन कर ही मैरा सिलेक्शन हो गया।
अपने आने वाले नाटक के बारे में बताते हुए वत्सल ने कहा कि इसमें वह काफी अलग नजर आएंगे दबंग में सलमान खान के गॉग्ल पीछे रखने के स्टाइल की तरह उन्होंने भी एक अलग तरह से फॉन पर बात करने का स्टाइल अपनाया है, जिसमें वह कंधे पर फोन रख कर बात करेंगे।
एड फिल्म को मुश्किल बताने वाले वत्सल ने कहा कि उनके साथ काम करना बहुत अच्छा लगा वह पहला मोका था जब वह शाहरुख खान से मिले थे।