दिवाली पर जिला पंचकूला में आतिशबाजी, मारपीट और हादसों के कारण 38 लोग घायल हो गए और सात जगह पटाखों की वजह से आग लग गई। नागरिक अस्पताल में आतिशबाजी के कारण जलने वाले रात आठ बजे से लेकर रात बारह बजे तक पहुंचते रहे।
पंचकूला के तीन बच्चों को आतिशबाजी के समय आंख के पास चोट आई। कुछ लोगों को हाथ और कुछ को पैरों पर चोट लगी। 12 लोग हादसे और मारपीट में घायल हुए। दिवाली की रात शहर में आग लगने की 7 घटनाएं हुईं। इन पर फायर बिग्रेड की टीम ने समय रहते काबू पा लिया।
पंचकूला के सेक्टर-26 के एक मकान के पास खाली जगह में घास में आग लग गई। इस आग को लोगों ने बुझा दिया। नगर निगम के कार्यकारी अधिकारी ओपी सिहाग ने बताया कि इस बार लोगों की सूझबूझ की वजह से पिछले साल की अपेक्षा आग लगने की काफी कम घटनाएं हुई हैं। पंचकूला के सिविल सर्जन डॉ. वीके बंसल ने कहा कि दिवाली के लिए सारे इंतजाम किए गए थे और दिवाली के दिन रात के समय आए घायलों को तुरंत उपचार मुहैया करवाया गया।