अमेरिका सरकार ने मंगलवार को ओमनी एयर लाइंस के जहाज से जब वापस भारत भेजा। जहाज में बैठे 123 लोगों को हथकड़ी व पैरों में जंजीर बांध दिए गए। अमृतसर एयरपोर्ट में लैंड करने से कुछ ही घंटे पहले उनके हाथों की हथकड़ियां व पांवों की बेड़ियां खोली गईं। यह दास्तां केवल सरबजीत की नहीं है, अमेरिका से डिपोर्ट होकर श्री गुरु रामदास जी इंटरनेशनल एयरपोर्ट पहुंचे 123 भारतीयों की थी। एजेंटों के झांसे में आ कर लाखों रुपये गंवाने के बाद वतन लौटे इन लोगों की आंखों में आंसू थे।
28 लाख गंवाकर विदेश का भूत उतरा
कपूरथला के जोगिंदर ने बताया वह 28 लाख रुपये खर्च कर अमेरिका गया था। मुकेरियां के एक ट्रेवल एजेंट ने उसे ठग लिया है। ट्रेवल एजेंट के विरुद्ध पुलिस में मामला दर्ज करवाने की बात करने वाले जोगिंदर के अनुसार इतनी बड़ी राशि से यहीं कारोबार करता तो सफल हो सकता था। विदेश जाने का भूत उसके सर पर इस कदर सवार था की उसने परिवार की बात नहीं सुनी। 28 लाख और दो वर्ष का समय गंवाने के बाद विदेश जाने का भूत उतर चुका है।
एजेंट को बोलूंगा मेरे पैसे लौटा दे
अमृतसर एयरपोर्ट पहुंचने वाले सोनीपत के राघव ने कहा की अपने देश अपने ही होता है। एजेंट से बोलूंगा की मेरे पैसे लौटा दे। राघव ने बताया एजेंट को 30 लाख रुपये दिए थे। कई दिन तक भूखा रहने के साथ-साथ यह भी डर सताता रहा की मैक्सिको के जंगल पार करते समय कोई हादसा न हो जाए।