एचपीयू के वीसी प्रो. एडीएन वाजपेयी ने कहा कि जल्द ही रूसा की डिग्री पूरे देश में मान्य होगी। छात्रों को पीजी कोर्स में प्रवेश लेने में कोई समस्या पेश नहीं आएगी। वह कार्यकारी परिषद (ईसी) की शुक्रवार को हुई विशेष बैठक में बोल रहे थे।
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इसमें कुलपति ने यूजीसी के समक्ष उठाए गए सीबीसीएस यूजी डिग्री मान्यता के मामले पर जानकारी दी। हालांकि, वीसी ने डिग्री मान्यता मिलने की समयसीमा नहीं बताई। वीसी ने कहा कि विश्वविद्यालय अनुदान आयोग, भारतीय विश्वविद्यालय संघ व मानव संसाधन विकास मंत्रालय में जाकर यूजीसी के नियमानुसार चलाए जा रहे रूसा कार्यक्रम के बारे में विचार-विमर्श किया गया।
यूजीसी से इसको लेकर जल्द अधिसूचना जारी करने का आग्रह किया। बैठक में प्रति-कुलपति प्रो. राजेन्द्र सिंह चौहान, विधायक बंबर ठाकुर, हथकरघा एवं हस्तशिल्प निगम उपाध्यक्ष चन्द्रशेखर, विवि के कुलसचिव डा. पंकज ललित, परीक्षा नियंत्रक प्रो. श्याम लाल कौशल निदेशक उच्च शिक्षा दिनकर बुराथोकी, प्रो. पीके आहलुवालिया, प्रो. बीएस माढ़, आचार्य रमेश चंद, मुकेश कुमार, प्रो. हिम चैटर्जी, प्रो. एमएस चौहान, डा. अनुराग शर्मा और डा. कृष्ण वैद्य भी मौजूद थे।
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ये होंगे रूसा सिस्टम में नए सुधार
एचपीयू के वीसी प्रो. एडीएन वाजपेयी ने कहा कि जल्द ही रूसा की डिग्री पूरे देश में मान्य होगी।
- फोटो : अमर उजाला
ये होंगे रूसा सिस्टम में नए सुधार
कॉलेजों में रूसा के तहत लागू सीबीसीएस यूजी डिग्री कोर्स को बेहतर ढंग से लागू करने के उद्देश्य से विश्वविद्यालय के संबंधित अनुभागों को कंप्यूट्रीकृत किया जाएगा, जिससे कॉलेज में प्रवेश से लेकर परीक्षा परिणाम घोषित करने की प्रक्रिया कंप्यूट्रीकृत होगी।
कम होगी परीक्षा की समयावधि
रूसा सीबीसीएस के यूजी में लागू किए जाने के बाद सेमेस्टर होने पर प्रश्न पत्रों के पैटर्न को भी बदला गया है। एक, दो, पांच और अधिकतम दस नंबर के प्रश्न पूछे जाने पर प्रश्न पत्र को हल करने को तय समय अवधि भी कम होगी।
ईसी ने फैसला लिया कि पहले ईयर सिस्टम में जो परीक्षा तीन घंटे की होती थी, उसका समय अब कम कर डेढ़ से दो घंटे तय करने को ईसी ने मंजूरी दी है। यूजी कोर्स की पढ़ाई, परीक्षाएं, मूल्यांकन और आलनइन परिणाम घोषित करने को लेकर अलग से एचपीयू अकादमिक कलेंडर बनाएगा।
ईसी ने फीस जमा करवाने संबंधी फैसले में छात्रों को बड़ी राहत दी है।
ईसी ने छात्रों को हर सेमेस्टर में प्रवेश और आनलाइन परीक्षा फार्म के साथ आलनाइन फीस जमा करवाने में पेश आ रही समस्या को हल करने को स्टेट बैंक के अलावा अन्य बैंकों व कॉलेज परिसर में सीधे काउंटर पर फीस काउंटर लगाने का फैसला लिया है।
क्रेडिट और मूल्यांकन से संबंधित असमंजस होगा दूर
कार्यकारी परिषद ने महाविद्यालयों में संपूर्ण मूल्यांकन प्रणाली को शुरू करने को डीएस की अध्यक्षता में कमेटी गठित की। ईसी ने रूसा में क्रेडिट से जुड़ी विसंगतियों को दूर करने व स्थिति स्पष्ट करने को निदेशक उच्चतर शिक्षा की अध्यक्षता में कमेटी बनाई है, इसमें उप कुलसचिव (अकादमिक) संयोजक, डीन प्लानिंग सेवानिवृत्त शिक्षक प्रो. बीएस माढ़, प्रो. पी.के.आहलूवालिया और डा. कृष्ण वैद्य सदस्य होंगे।
16 मार्च तक दर्ज होंगी शिकायतें
छात्रों को रूसा के तहत पेश आ रही समस्याओं को हल करने को विधायक बंबर ठाकुर की अध्यक्षता में कमेटी बनाई, इसमें डीएसडब्ल्यू संजीव महाजन, पूर्व डीएस प्रो. लक्ष्मण सिंह ठाकुर, ईसी सदस्य हरीश जनार्था, चन्द्रशेखर सदस्य होंगे। ईसी ने फैसला लिया कि 16 मार्च तक छात्र संगठन और छात्र डीएसडब्ल्यू के पास शिकायत या प्रतिवेदन जमा करवा पाएंगे।