यह पाठ्यक्रम जनवरी 2017 के दौरान आयोजित होने वाली एचएएस परीक्षा से कार्यान्वित होगा।
बोर्ड परीक्षा परिणाम में फेल होने वाले छात्रों को अब पास होने के लिए लंबा इंतजार नहीं करना पड़ेगा। केंद्रीय विद्यालय संगठन ने इसके लिए नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ ओपेन स्कूलिंग (एनआईओएस) के साथ समझौता किया है। बोर्ड परीक्षा में असफल होने वाले छात्र अब ओपन बोर्ड से परीक्षा देकर पास हो सकेंगे।
एनआईओएस और केविएस के बीच हुए इस समझौते के तहत ऑन डिमांड एग्जाम की सुविधा अब केवि 1 और केवि 2 में उपलब्ध होगी। जून 2016 से इसकी शुरुआत हो जाएगी। यहां सप्ताह में एक बार मंगलवार को ऑन डिमांड एग्जाम आयोजित किया जाएगा। प्रयोगात्मक परीक्षा प्रत्येक पखवाड़े में शुक्रवार को आयोजित होगी।
छात्रों को सुविधा
एनआईओएस के क्षेत्रीय निदेशक प्रदीप कुमार रावत ने बताया कि इससे छात्रों को बड़ी सुविधा होगी। अगर वह सीबीएसई बोर्ड एग्जाम में फेल हो जाते हैं तो कम समय में अपनी पढ़ाई पूरी कर सकते हैं। उन्हें फाइनल मार्कशीट एनआईओएस की ओर से दी जाएगी।
सीबीएसई का रिजल्ट 21 को
सीबीएसई का 10वीं और 12वीं का रिजल्ट 21 मई को जारी होगा। बोर्ड की दिल्ली में इस संबंध में एक बैठक आयोजित हुई। इसमें रिजल्ट जारी होने की तिथि तो तय हो चुकी है, लेकिन अभी इस पर बोर्ड के चेयरमैन की मुहर लगनी बाकी है।