सीबीएसई के 12वीं के परीक्षा परिणामों में राजधानी के सरकारी स्कूलों ने यहां के निजी स्कूलों को पीछे छोड़ दिया है। परीक्षा परिणामों के अनुसार दिल्ली के सरकारी स्कूलों में बच्चों का पास प्रतिशत 88.98 फीसदी रहा जबकि निजी स्कूलों में महज 86.67 फीसदी ही रहा।
उसमें लड़कियों का परीक्षा परिणाम लड़कों से बेहतर रहा। 91.71 फीसदी छात्राएं इस परीक्षा में पास हुईं, जबकि 82.51 फीसदी छात्र ही परीक्षा में सफल हुए। दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया ने स्कूलों और बच्चों के बेहतर रिजल्ट के लिए बधाई दी है।
केजरीवाल ने ट्वीट करके कहा कि 12वीं के परिणाम में सरकारी स्कूलों का जो परफॉरमेंस रहा है उससे मैं बेहद खुश हूं। बच्चों ने बहुत ही बेहतर किया है। उन्होंने ऑल इंडिया टॉपर सुकृति गुप्ता को भी बधाई दी। मनीष सिसोदिया ने भी ट्वीट करके सरकारी स्कूलों को बधाई थी।
उन्होंने कहा कि इस रिजल्ट के लिए उन्हें अपनी टीम पर गर्व है। उन्होंने सरकारी स्कूलों के चारों टॉपर्स को भी बधाई दी है। बारहवीं परिणामों के मुताबिक इस बार दिल्ली सरकार के राजकीय प्रतिभा विकास विद्यालयों का कुल पास प्रतिशत 99.62 फीसदी, दिल्ली के केंद्रीय विद्यालय का 95.71 फीसदी और पब्लिक स्कूलों का पास प्रतिशत परीक्षा 86.67 फीसदी रहा।
सरकार के मुताबिक उनके 130 स्कूलों का परीक्षा परिणाम 100 फीसदी रहा। यह पिछले साल तक महज 103 स्कूल थे। इसी तरह 546 स्कूलों में पास प्रतिशत 90 फीसदी या उससे ऊपर रहा, जो कि बीते साल 525 स्कूल ही इसमें आते थे।
दिल्ली सरकार के राजकीय प्रतिभा विकास विद्यालय (आरपीपी) के सिविल लाइंस स्कूल के कीर्ति दुआ ने टॉप किया है। कीर्ति ने साइंस स्ट्रीम में 97 फीसदी अंक हासिल किए हैं। आरपीपी शालीमार बाग के अमन कुमार कर्ण ने कॉमर्स स्ट्रीम में 97 फीसदी अंक हासिल कर टॉप किया है। वोकेशनल में पारुल ने आरटीराम एसवी सूरहेरा ने 96.8 फीसदी अंक और आर्ट्र्स स्ट्रीम में डिम्पी वशिष्ठ एसकेवी मॉडल टाउन से 95.8 फीसदी अंक हासिल कर टॉप किया है।