केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (सीबीएसई) ने स्पोर्ट्स को बढ़ावा देने के उद्देश्य से बॉक्सिंग और कबड्डी को भी अपने खेलों की सूची में शामिल किया है। इन दोनों को वुशू व कैरम के स्थान पर जगह दी गई है। बोर्ड ने इन दोनों ही खेलों को अंडर-19 श्रेणी के अंतर्गत शामिल किया है। बॉक्सिंग और कबड्डी को खेलों में शामिल करने का मुख्य कारण यह है कि इनके प्रति युवाओं में रुझान बढ़ा है जबकि वुशू और कैरम में छात्र कम रुचि ले रहे हैं।
बोर्ड के सचिव जोसफ इम्नुअल ने इस संबंध में स्कूल प्रिंसिपल को एक पत्र लिखा है। जिसमें कहा गया है कि न केवल प्रतियोगिताओं के लिए इन खेलों को शामिल किया गया है बल्कि इन खेलों में रुचि बढ़ने के कारण स्कूल स्तर पर बने क्लस्टर और रीजन का निर्धारण करने को भी कहा है। स्कूलों को कहा गया है कि वह अंडर-11, अंडर-14, अंडर-17 और अंडर-19 आयु वर्ग के तहत होने वाली प्रतियोगिताओं में इन्हें शामिल करें। इसमें छात्र-छात्राओं दोनों को ही अवसर दिया जाए।
यदि स्कूल क्लस्टर, रीजन या फिर राष्ट्रीय स्तर पर कोई प्रतियोगिता कराने का इच्छुक है तो वह प्रस्ताव तैयार कर सीबीएसई के क्षेत्रीय कार्यालय को भेज सकता है। साथ ही स्कूलों को यह बताया होगा कि प्रतियोगिता छात्र केंद्रित है, छात्रा केंद्रित है या फिर दोनों वर्गों के लिए है। दरअसल खेलों को बढ़ावा देने के लिए खेल एवं युवा मंत्रालय से सीबीएसई को नेशनल प्रमोशनल आर्गनाइजेशन (एनएसपीओ) का दर्जा मिला है। ऐसे में बोर्ड चाहता है कि स्कूली स्तर पर ही खिलाड़ी बनने के गुण बच्चों में विकसित हों।