कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के अपने करीब 5 करोड़ खाताधारकों को चालू वित्त वर्ष 2013-14 में भी भविष्य निधि (पीएफ) पर 8.5 फीसदी की दर से ब्याज देने की संभावना है।
ईपीएफओ ने वित्त वर्ष 2012-13 में भी इसी दर से ब्याज दिया था। एक सूत्र ने बताया कि इस वित्तीय वर्ष में भी पीएफ जमा पर 8.5 फीसदी ब्याज देने पर विचार किया जा रहा है।
ईपीएफओ ने 2012-13 वित्त वर्ष में भी अपने खाताधारकों को 8.5 फीसदी की दर से ब्याज दिया था जोकि 2011-12 वित्त वर्ष के 8.25 फीसदी से अधिक था।
सूत्र ने यह भी बताया कि ईपीएफओ कार्यालय पहले ही इनकम की गणना कर चुका है। साथ ही वह चालू वित्त वर्ष में पीएफ पर व्यवहार्य ब्याज दर का भी आकलन कर चुका है।
ईपीएफओ अपने इस प्रस्ताव को पहले एडवाइजरी बॉडी वित्त और निवेश समिति (एफआईसी) के सामने पेश करना होगा।
इसके बाद शीर्ष निर्णय लेने वाली संस्था केंद्रीय न्यासी बोर्ड (सीबीटी) इस पर विचार करेगी। सीबीटी के प्रमुख श्रम मंत्री होते हैं। यहां से मंजूरी मिलने के बाद प्रस्ताव को वित्त मंत्रालय के पास भेजा जाएगा।
ईपीएफओ ने हाल ही में सीबीटी का पुनर्गठन किया है। इसके चलते ट्रस्टियों की अगली बैठक में एफआईसी का गठन किया जाएगा। सूत्र के मुताबिक, सीबीटी की बैठक अगले महीने हो सकती है।