देश के केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड ने आयकरदाताओं को राहत देने के लिए एक बड़ा बदलाव किया है। अब करदाताओं को इस असेसमेंट वर्ष के लिए रिटर्न दाखिल करते समय फॉर्म 26एएस (26AS) भी देखने को मिलेगा। इस फॉर्म में करदाताओं के वित्तीय लेन-देन पर अतिरिक्त विवरण होगा।
अगर आप इस फॉर्म के बारे में विस्तृत से जानकारी लेना चाहते हैं तो आप अपने परमानेंट अकाउंट नंबर यानि कि पैन कार्ड की सहायता से आयकर विभाग की वेबसाइट पर जाकर देख सकते हैं। बता दें कि पहले फॉर्म 26एएस पर स्रोत पर कटौती (टीडीएस), अतिरिक्त टैक्स, रिफंड, टीडीएस डिफॉल्ट के बारे में जानकारी होती थी लेकिन करदाता स्टेटमेंट ऑफ फाइनेंशियल ट्रांजैक्शन भी देख सकते हैं।
इसका मतलब यह है कि अब करदाताओं को अपनी आयकर रिटर्न में सभी मुख्य लेन-देन का ब्यौरा भी देखने को मिलेगा। केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक फॉर्म 26एएस एक जून 2020 से प्रभावी हो जाएगा।
सीबीडीटी ने बताया कि वित्तीय लेन-देन से जुड़ी सभी जानकारी फॉर्म 26एएस के भाग ई में देखी जा सकती है। इस फॉर्म की मदद से करदाताओं को स्वैच्छिक अनुपालन, कर जवाबदेही और ई-रिटर्न दाखिल करने में आसानी होगी।