फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जानिए, कौन सी सेवाओं के लिए किस तरह के शुल्क लेते हैं बैंक

Thu, 02 May 2013 12:16 AM IST
नई दिल्ली/कारोबार डेस्क
विज्ञापन
विज्ञापन
बैंकिंग सेवाओं पर धीरे-धीरे हमारी निर्भरता बढ़ती जा रही है। आज चाहे घर का राशन लेना हो, रेलवे का आरक्षण कराना हो, खरीदारी करनी हो, रेस्टोरेंट में खाना खाना हो या फिर कहीं होटल बुक करना हो, यहां तक कि दान देने में भी हम बैंकिंग सेवाओं का प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से इस्तेमाल करते हैं।
विज्ञापन


इन सुविधाओं के जरिए जहां हमारे लिए रोजमर्रा का कामकाज करना आसान हो गया है, वहीं बैंकों के लिए यह सेवाएं आय का एक वैकल्पिक जरिया बनती जा रही हैं। ऐसे में हमारे लिए यह जानना बेहद जरूरी है कि बैंक विभिन्न सेवाओं के लिए किस-किस तरह के शुल्क लेते हैं।

निजी बैंक मासिक आधार पर ले रहे शुल्क
आईसीआईसीआई बैंक और एचडीएफसी बैंक ने बचत खाते में राशि बनाए रखने के तरीके में बदलाव कर दिया है। दोनों बैंक अब दूसरी बैंकों की तरह तिमाही आधार पर न्यूनतम राशि रखने की जगह मासिक आधार पर राशि रखने की प्रणाली शुरू कर चुके हैं।
विज्ञापन


आईसीआईसीआई बैंक ने औसत मासिक राशि के आधार मेट्रो और शहरों में 10 हजार रुपये की सीमा, अर्द्ध शहरी क्षेत्रों में 5,000 हजार रुपये और ग्रामीण इलाकों में 2,000 रुपये की सीमा तय कर दी है। खाते में राशि न होने पर बैंक मासिक आधार पर 250-350 रुपये की पेनॉल्टी लेता है।

इसी तरह, एचडीएफसी बैंक ने औसत मासिक राशि के आधार मेट्रो और शहरों में 10 हजार रुपये की सीमा, अर्द्ध शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में 5,000 रुपये की सीमा तय कर दी है। खाते में राशि न होने पर बैंक मासिक आधार पर 250-350 रुपये की पेनॉल्टी लेता है।

निजी बैंकों की तुलना में सरकारी बैंक सस्ते
ग्राहकों को बैंकों से मिलने वाली सेवाएं सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों में निजी बैंकों की तुलना में काफी सस्ती हैं। मसलन, देश का सबसे बड़ा बैंक भारतीय स्टेट बैंक बचत खाते में न्यूनतम राशि की कोई सीमा नहीं रखता है।

इसी तरह खाते को मेंटेन न करने पर कई सेगमेंट के ग्राहकों से किसी तरह का कोई शुल्क नहीं लेता है। इसी तरह पंजाब नेशनल बैंक बचत में तिमाही आधार पर 1,000 रुपये लेकर 5,000 रुपये तक की न्यूनतम राशि की सीमा रखता है, जिसको मेंटेन न करने पर ग्राहकों को तिमाही आधार पर 200 से 500 रुपये तक ही शुल्क देना पड़ता है।

राशि जमा करने पर भी देना पड़ता है शुल्क
बैंक ग्राहकों से नकद जमा और निकासी दूसरी शाखा से करने पर सेवा शुल्क लेते हैं। इसके तहत सार्वजनिक बैंकों से लेकर निजी बैंकों के शुल्क अलग-अलग होते हैं।

मसलन आईसीआईसीआई बैंक बेस शाखा (समान शहर में) में पहले चार लेन-देन मुफ्त करता है, उसके बाद प्रत्येक लेन-देन पर 90 रुपये का शुल्क लेता है।

इसी तरह दूसरे शहर में बेस शाखा के अलावा बचत खाते से राशि निकालने और जमा करने पर भी बैंक ग्राहक से शुल्क लेता है।

एचडीएफसी बैंक भी औसत मासिक राशि मेंटेन करने वाले ग्राहकों से राशि जमा करने और निकालने पर पहले पांच लेन-देन पर कोई शुल्क नहीं लेता है। उसके बाद के लेन-देन पर बैंक 100 रुपये प्रति लेन-देन के आधार पर शुल्क लेता है।
विज्ञापन
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें