दूरसंचार मंत्री सिन्हा ने आईपीपीबी के लिए डाकियों को मोबाइल मुहैया कराने की घोषणा कुछ माह पहले की थी। सूत्रों के मुताबिक रोचक बात ये है कि मंत्री इसकी खरीद के लिए आगे कदम बढ़ाते उसके पहले ही डाक विभाग और मंत्रालय के कुछेक अधिकारियों ने रूपरेखा तैयार कर ली। सरकारी खरीद में प्रक्रिया के अनिवार्य होने की वजह से टेंडर जारी करना जरूरी है, लेकिन बीते दो साल में सरकार के लिए जेम ही खरीद करती है।
सूत्रों का कहना है कि ऐसे में मंत्री सिन्हा को अधिकारियों की जल्दबाजी थोड़ी अटपटी लगी। उन्होंने बड़े पैमाने पर स्मार्टफोन खरीदने के मद्देनजर जेम सीईओ राधा चौहान से बात की और आर्डर को अंतिम रूप देकर जेम को भेजा।
650 शाखाओं, 3250 एक्सेस केंद्रों से शुरूआत, दिसंबर तक सभी डाकघर जुड़ेंगे
गौरतलब है कि आइपीपीबी के तहत गांव के लोगों को बचत खाता चालू खाता, मनी ट्रांसफर तथा प्रत्यक्ष लाभांतरण के अलावा बिल, यूटिलिटी एवं व्यापारिक भुगतान जैसी अनेक सेवाएं प्राप्त होंगी। दिल्ली के साथ साथ राज्यों में राजधानी और जिला केंद्रों में 650 शाखाओं में इसका शुरुआत एक सिंतबर से की जा चुकी है।