मुकेश अंबानी की अगुवाई वाली रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड (RIL) और दुनिया की सबसे बड़ी तेल कंपनी सऊदी अरामको के बीच जल्द ही सौदा हो सकता है। सऊदी अरामको और रिलायंस की 25 अरब डॉलर तक की डील पर बातचीत चल रही है। इस खबर के बाद आज रिलायंस के सेयर में जोरदार उछाल आया। 2149.35 के स्तर पर खुलने के बाद आज दोपहर 1.18 बजे आरआईएल का शेयर 2.18 फीसदी ऊपर 2192.35 के स्तर पर था। पिछले सत्र में यह 2145.65 के स्तर पर बंद हुआ था।
20 फीसदी हिस्सेदारी के लिए चल रही बातचीत
ब्लूमबर्ग के अनुसार, अरामको देश की सबसे मूल्यवान कंपनी रिलायंस की तेल इकाई में करीब 20 फीसदी हिस्सेदारी के लिए बातचीत कर रही है। ब्लूमबर्ग न्यूज के हवाले से ब्लूमबर्ग क्विंट ने रिपोर्ट किया कि आने वाले हफ्तों में समझौता हो सकता है।
मुकेश अंबानी ने अगस्त 2019 में की थी घोषणा
मालूम हो कि जाने-माने उद्योगपति मुकेश अंबानी ने अगस्त 2019 में तेल व रसायन कारोबार (ओ2सी) में 20 फीसदी हिस्सेदारी दुनिया की सबसे बड़ी तेल निर्यातक कंपनी को बेचने के बारे में बातचीत की घोषणा की थी। यह सौदा मार्च 2020 तक पूरा होना था, लेकिन इसमें देरी हुई। हालांकि इसका कारण नहीं बताया गया।
रिलायंस इंडस्ट्रीज के बोर्ड में शामिल हुए थे सऊदी अरामको के चेयरमैन
रिलायंस इंडस्ट्रीज की 44 वीं एजीएम में सऊदी अरब की तेल कंपनी अरामको के चेयरमैन यासिर अल रुमायन भी शरीक हुए थे। वह बतौर स्वतंत्र निदेशक के रूप में बैठक में शामिल हुए। एजीएम में मुकेश अंबानी ने रुमायन को रिलायंस इंडस्ट्रीज लिमिटेड के निदेशक मंडल में शामिल करने का एलान किया। वे स्वतंत्र निदेशक बनाए गए हैं। इस दौरान मुकेश अंबानी ने कहा कि, 'मैं सऊदी अरामको के चेयरमैन और पीआईएफ के गवर्नर यासिर अल-रुमायन का रिलायंस इंडस्ट्रीज के बोर्ड में स्वतंत्र निदेशक के रूप में शामिल होने का स्वागत करता हूं।'
रिलायंस इंडस्ट्रीज के निदेशक मंडल के 14 सदस्यों में से आधे स्वतंत्र निदेशक हैं। इनमें एसबीआई की पूर्व अध्यक्ष अरुंधति भट्टाचार्य, मैकिंसे इंडिया के पूर्व प्रमुख आदिल जैनुलभाई, पूर्व सीएसआईआर प्रमुख आरए माशेलकर शामिल हैं। सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता वाईपी त्रिवेदी इसी साल बोर्ड से सेवानिवृत्त हुए हैं।