बैंकिंग और आईटी शेयरों में मजबूती के कारण घरेलू शेयर बाजार शुक्रवार को अच्छी बढ़त के साथ बंद हुए। हफ्ते के आखिरी कारोबारी दिन 30 शेयरों का प्रमुख बेंचमार्क इंडेक्स बीएसई सेंसेक्स 1,330.96 (1.68%) अंकों की बढ़त के साथ 80,436.84 पर बंद हुआ। दूसरी ओर, 50 शेयरों वाला एनएसई निफ्टी 397.41 (1.65%) अंक उछलकर 24,541.15 के स्तर पर बंद हुआ।
सेंसेक्स की कंपनियों में से टेक महिंद्रा, महिंद्रा एंड महिंद्रा, टाटा मोटर्स, अल्ट्राटेक सीमेंट, टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज, एचसीएल टेक्नोलॉजीज, आईसीआईसीआई बैंक और टाटा स्टील सबसे ज्यादा लाभ में रहीं। एकमात्र सन फार्मा के शेयर लाल निशान पर बंद हुए। सभी क्षेत्रीय सूचकांक हरे निशान में बंद हुए।
बीएसई मिडकैप में 1.8 फीसदी की तेजी आई, जबकि स्मॉलकैप इंडेक्स में 1.7 फीसदी की तेजी आई। एशियाई बाजारों में सियोल, टोक्यो, शंघाई और हांगकांग में काफी तेजी रही। यूरोपीय बाजार ज्यादातर हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। इससे पहले गुरुवार को अमेरिकी बाजार तेज बढ़त के साथ बंद हुए।
जियोजित फाइनेंशियल सर्विसेज के शोध प्रमुख विनोद नायर ने कहा, "जेपीवाई की स्थिरता वैश्विक बाजार में सुधार लाने में सहायक रही है। इसके अलावा, मजबूत अमेरिकी खुदरा बिक्री और साप्ताहिक बेरोजगारी दावों में गिरावट ने अमेरिकी मंदी की आशंकाओं को कम करने में मदद की है। इसके अलावा, अमेरिकी सीपीआई मुद्रास्फीति में कमी के कारण बाजार की धारणा में सुधार हुआ है। इसी पृष्ठभूमि में, भारतीय आईटी कंपनियों के शेयरों में खरीदारी दिखी।"
अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया शुक्रवार को 83.94 पर बंद हुआ, पिछले कारोबारी सत्र में यह 83.9475 पर बंद हुआ था। एक सीमित दायरे में कारोबार के बाद भारतीय रुपया शुक्रवार को लगभग अपरिवर्तित होकर बंद हुआ।
इस बीच, अधिकांश एशियाई मुद्राएं शुरुआती गिरावट से उबरती दिखीं। इस दौरान विदेशी बैंकों की ओर से डॉलर की हल्की बिक्री के कारण रुपये को अपने रिकॉर्ड निचले स्तर से ऊपर जाने में मदद मिली।