नए जमाने की टेक्नोलॉजी कंपनियां अधिग्रहण के लिए फंड का किस तरीके से इस्तेमाल कर रही हैं इस बारे में पूंजी बाजार नियामक सेबी और निगरानी रखना चाहता है। इसके लिए सेबी ने एक कंसल्टेशन पेपर जारी कर लोगों से राय मांगी है।
इन अहम मुद्दों पर मांगी राय
सेबी ने इस कंसल्टेशन पेपर के जरिए इस पर भी राय देने को कहा है कि क्या फंड के इस्तेमाल को लेकर अधिक डिस्क्लोजर की जरूरत है या फिर बाजार नियामक को एंकर निवेशकों को अधिक समय तक लॉक करने की आवश्यकता है। इससे पहले सेबी ने 28 अक्तूबर को एक कंसल्टेशन पेपर जारी किया था, जिसमें ईएसजी (एनवायरनमेंट, सस्टेनबिलिटी और गवर्नेंस) म्यूचुअल फंड के नियमों को लेकर कई प्रस्ताव शामिल थे। इसका मकसद यह सुनिश्चित करना था कि ईएसजी थीम वाले म्यूचुअल फंड स्कीमें अपने वादे पर टिकी रहें।
क्या है ईएसजी म्यूचुअल फंड स्कीम
ईएसजी म्यूचुअल फंड स्कीम के तहत फंड मैनेजर उन कंपनियों में निवेश करते हैं, जो एनवायरनमेंट, सस्टेनबिलिटी और गवर्नेंस से जुड़े उंचे मानकों को पूरा करती है। कई म्यूचुअल फंड कंपनियां इस थीम पर आधारित फंड भी ऑफर करती हैं। सेबी ने यह भी प्रस्ताव दिया था कि सभी ईएसजी स्कीमों को अपने उद्देश्य और नीति को स्पष्ट शब्दों में परिभाषित करना चाहिए।