Chanda Kochhar: न्यायमूर्ति बेला एम त्रिवेदी और न्यायमूर्ति सतीश चंद्र शर्मा की पीठ ने कोचर दंपति की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता अमित देसाई की इस दलील का संज्ञान लिया कि वह मामले में बहस के लिए उनके समक्ष व्यक्तिगत रूप से पेश होना चाहेंगे।
उच्चतम न्यायालय ने आईसीआईसीआई बैंक की पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी (सीईओ) व प्रबंध निदेशक चंदा कोचर और उनके पति दीपक कोचर को ऋण धोखाधड़ी मामले में सुनवाई तीन जनवरी, 2024 तक के लिए टाल दी। सुप्रीम कोर्ट दंपति को जमानत देने के बंबई उच्च न्यायालय के आदेश को चुनौती देने वाली सीबीआई की याचिका पर सुनवाई कर रही ही है।
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न्यायमूर्ति बेला एम त्रिवेदी और न्यायमूर्ति सतीश चंद्र शर्मा की पीठ ने कोचर दंपति की ओर से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता अमित देसाई की इस दलील का संज्ञान लिया कि वह मामले में बहस के लिए उनके समक्ष व्यक्तिगत रूप से पेश होना चाहेंगे।
मुंबई से डिजिटल तरीके से पेश हो रहे देसाई ने कहा कि कनेक्टिविटी से जुड़ी कुछ समस्याएं हैं और उन्होंने सुनवाई स्थगित करने की मांग की। सीबीआई की ओर से पेश हुए अतिरिक्त सॉलिसिटर जनरल एस वी राजू ने सुनवाई स्थगित करने की देसाई की याचिका का विरोध करते हुए कहा कि सुनवाई बुधवार को होनी चाहिए और इसे लंबे समय के लिए स्थगित नहीं किया जाना चाहिए।
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पीठ ने इस मामले की सुनवाई के लिए अगले साल तीन जनवरी की तारीख तय की। पीठ ने बंबई उच्च न्यायालय द्वारा मामले में कोचर बंधुओं को दी गई अंतरिम जमानत को चुनौती देने वाली सीबीआई की याचिका पर 16 अक्टूबर को उनसे जवाब मांगा था।