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Britain: विपक्षी नेता कीर स्टार्मर ने भारत के साथ एफटीए को 'कभी खुशी, कभी गम' करार दिया, भारतीयों से ये कहा

Tue, 21 Nov 2023 05:21 PM IST
कुमार विवेक बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

ब्रिटिश इंडियन थिंक टैंक 1928 इंस्टीट्यूट की ओर से पिछले हफ्ते लंदन में संसद परिसर के सदनों में आयोजित दिवाली समारोह में अपने भाषण के दौरान, स्टार्मर ने बॉलीवुड हिट बॉलीवुड फिल्म कभी खुशी, कभी गम का जिक्र करते हुए कहा कि वर्तमान सरकार इसी अंदाज में एफटीए पर बातचीत कर रही है।
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कीर स्टार्मर। - फोटो : social media
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विस्तार
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ब्रिटेन में विपक्ष के नेता कीर स्टार्मर ने भारत के साथ मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) की दिशा में सरकार की बातचीत के उतार-चढ़ाव को 'कभी खुशी कभी गम' करार दिया है। उन्होंने लेबर पार्टी की ओर से भारत के साथ हमेशा अच्छी स्थिति में रहने वाले द्विपक्षीय संबंधों को आगे बढ़ाने के प्रति प्रतिबद्धता जताई।

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ब्रिटिश इंडियन थिंक टैंक 1928 इंस्टीट्यूट की ओर से पिछले हफ्ते लंदन में संसद परिसर के सदनों में आयोजित दिवाली समारोह में अपने भाषण के दौरान, स्टार्मर ने बॉलीवुड हिट बॉलीवुड फिल्म कभी खुशी, कभी गम का जिक्र करते हुए कहा कि वर्तमान सरकार इसी अंदाज में एफटीए पर बातचीत कर रही है। कभी यह शुरू होती है कभी बंद हो जाती है।

बता दें कि भारत और ब्रिटेन वर्तमान में 38 बिलियन पाउंड की द्विपक्षीय व्यापार साझेदारी को बढ़ाने के लिए 14वें दौर की एफटीए वार्ता कर रहा है। एफटीए के कुछ बिंदुओं पर सहमति बन गई है। स्टार्मर ने कहा, "हम अंतरराष्ट्रीय मंच पर ब्रिटेन की प्रतिष्ठा का पुननिर्माण करेंगे और इसका मतलब है कि भारत के साथ एक नई रणनीतिक साझेदारी होगी।" उन्होंने कहा, "टोरीज़ मुक्त व्यापार समझौते पर काम कर रहे हैं, यह कभी शुरू होता है कभी बंद होता है। वास्तव में, आप वार्ता को कभी खुशी, कभी गम कह सकते हैं।"
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एफटीए वार्ता पिछले साल जनवरी में शुरू हुई थी और तत्कालीन प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने इसे अंतिम रूप देने के लिए दिवाली 2022 की शुरुआती समय सीमा तय की थी। फिलहाल प्रधानमंत्री ऋषि सुनक के नेतृत्व वाली टोरी सरकार के तहत, इसके लिए कोई नई समय सीमा निर्धारित नहीं की गई है, लेकिन दोनों पक्ष 2024 में भारत और ब्रिटेन में आम चुनाव से से पहले एफटीए हस्ताक्षर करने के इच्छुक हैं।

ब्रिटेन में आने वाले चुनावों से पहले सत्तारूढ़ कंजरवेटिव पार्टी की तुलना में जनमत सर्वेक्षणों में लेबर पार्टी आगे चल रही है। इस बार विपक्षी लेबर पार्टी ब्रिटेन के अनुमानित 19 लाख भारतीय प्रवासी मतदाताओं तक पहुंच बनाना चाहती है। स्टार्मर ने ब्रिटिश भारतीयों के लिए कहा कि आप हमारे देश के लिए जो कुछ भी करते हैं, मैं उसके लिए अपनी प्रशंसा और सम्मान व्यक्त करना चाहता हूं।

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