शुक्रवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों में कहा गया है कि खनन और मैन्युफैक्चरिंग क्षेत्रों के प्रदर्शन में सुधार के चलते जनवरी 2022 में देश के औद्योगित उत्पादन में तेजी आई है। यह सालाना आधार पर 1.3 फीसदी बढ़ा है। इससे पिछले साल समान अवधि में यानी जनवरी 2021 में इंडेक्स ऑफ इंडस्ट्रीयल प्रोडक्शन (आईआईपी) में 0.6 फीसदी की गिरावट देखी गई थी।
13.7 फीसदी रही आईआईपी ग्रोथ
मौजूदा वित्त वर्ष की अप्रैल-जनवरी अवधि में, आईआईपी ग्रोथ 13.7 फीसदी पर रही जिसमें वित्त वर्ष 2020-21 की समान अवधि के दौरान 12 फीसदी की गिरावट देखी गई थी। इस संबंध में पिछले तीन महीनों में जनवरी के दौरान मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में सबसे तेज ग्रोथ देखी गई है। जनवरी में प्राइमेरी गुड्स कैटेगरी में 1.6 फीसदी की ग्रोथ दिखी, जबकि कैपिटल गुड्स में जनवरी महीने के दौरान 1.4 फीसदी की गिरावट देखी गई है। इंफ्रास्ट्रक्चर/ कंस्ट्रक्शन गुड्स में 5.4 फीसदी की तेजी आई है।
विनिर्माण क्षेत्र में ग्रोथ 1.1 फीसदी
सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों पर नजर डालें तो खनन क्षेत्र में ग्रोथ जनवरी 2021 में 2.4 फीसदी की गिरावट मुकाबले इस साल 2.8 फीसदी रही है। वहीं विनिर्माण (मैन्युफैक्चरिंग) सेक्टर में जनवरी में 1.1 फीसदी की ग्रोथ देखी गई है। इसमें एक साल पहले के समान महीने में 0.9 फीसदी की दर से गिरावट दर्ज की गई थी। हालांकि, ऊर्जा उत्पादन में ग्रोथ घटकर 0.9 फीसदी पर रही है, जनवरी 2021 में इसमें 5.5 फीसदी की बढ़ोतरी देखी गई थी।