फोर्ब्स (Forbes) की लिस्ट के अनुसार दुनिया के चौथे सबसे अमीर व्यक्ति गौतम अदाणी (Gautam Adani) ने कहा है कि हमने सरकार के आत्मनिर्भर भारत के विजन के तहत डेटा सेंटर, डिजिटल एप्स, इंडस्ट्रियल क्लाउड्स, डिफेंस, ऐरोस्पेस, मेटल्स और मैटेरियल्स जैसे क्षेत्रों में कदम रखा है। अदाणी ने है कि हमारे ग्रुप की कुल पूंजीगत स्थिति (Combined Group Market Capitalisation) इस साल 200 बिलियन अमेरिकी डॉलर के पार चली गई है।
अदाणी ने कहा, “सरकार को इस बात का क्रेडिट दिया जाना चाहिए कि उन्होंने अपनी भूमिका को बेहतर ढंग से निभाते हुए सर्वांगीण संतुलन के साथ चुनौतियाें का प्रबंधन किया है।” मंगलवार को अदाणी ग्रुप के एजीएम में शेयरधारकों को संबोधित करते हुए कंपनी के मुखिया गौतम अदाणी ने यह भी कहा है कि कोविड जैसी महामारी (Covid Pandemic) के दौर से बाहर निकलते हुए हम सबसे तेजी से बढ़ने वाली इकोनॉमी बन रहे हैं जबकि दुनिया की दूसरी बड़ी अर्थव्यवस्थाएं मंदी के खतरे का सामना कर रही हैं।
गौतम अदाणी ने इस दौरान यह भी कहा कि जलवायू परिवर्तन (Climate Change) पर हमें लेक्चर दिया जाता है पर हम दुनिया के उन चुनिंदा देशों में शामिल हैं जिन्होंने कोविड महामारी और ऊर्जा संकट (Energy Crisis) के बावजूद नवीकरणीय उर्जा (Renewable Energy) के क्षेत्र में अच्छी प्रगति की है। हमारे देश में यह काम ऐसे समय में संभव हो पाया है जब दुनिया के कुछ विकसित देशों ने नवीकरणीय उर्जा के लक्ष्य हासिल करने के कार्यकलापों पर फिलहाल विराम लगा दिया है।
गौतम अदाणी (Gautam Adani) ने कहा है कि नवीकरणीय ऊर्जा (Renewable Energy) के क्षेत्र में भारत (India) की क्षमता साल 2015 से अब तक 300% तक बढ़ गई है। अदाणी के अनुसार नवीकरणीय उर्जा के क्षेत्र में अदाणी ग्रुप की मजबूती हमें भविष्य में ग्रीन एनर्जी को ‘फ्यूल ऑफ ऑफ द फ्यूचर’ (Fuel of the Future) बनाने में हमारी मदद कर रही है।
गौतम अदाणी ने इस दौरान यह भी कहा है कि ऑयल और गैस के आयतक (Oil and Gas Importer) की देश की जो छवि बनी हुई थी उसे बदलकर एक दिन भारत को ग्रीन एनर्जी का निर्यातक (Green Energy Exporter) देश बनाने की रेस में अदाणी ग्रुप (Adani Gropup) सबसे आगे है। उन्होंने कहा है कि ग्रीन एनर्जी के क्षेत्र में अदाणी ग्रुप का 70 बिलियन डॉलर का निवेश इस बात का प्रमाण है।