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Biz Updates: रिश्वत मामले में सीबीआई ने सीजीएसटी के सहायक आयुक्त को किया गिरफ्तार, गुवाहाटी-हैदराबाद में तलाशी

Mon, 01 Jul 2024 07:27 PM IST
कुमार विवेक बिजनेस डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने गुवाहाटी में जीएसटी कमिश्नरेट में तैनात सीजीएसटी के एक सहायक आयुक्त को रिश्वत मांगने और स्वीकार करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान एम श्रीनिवास राव के रूप में हुई है, जो गुवाहाटी में जीएसटी कमिश्नरेट में सीजीएसटी के सहायक आयुक्त के रूप में तैनात थे।
 
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बिजनेस अपडेट्स - फोटो : amarujala.com
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केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) ने गुवाहाटी में जीएसटी कमिश्नरेट में तैनात सीजीएसटी के एक सहायक आयुक्त को रिश्वत मांगने और स्वीकार करने के आरोप में गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान एम श्रीनिवास राव के रूप में हुई है, जो गुवाहाटी में जीएसटी कमिश्नरेट में सीजीएसटी के सहायक आयुक्त के रूप में तैनात थे।

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सीबीआई की ओर से दायर एक शिकायत पर उक्त आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया था। यह आरोप लगाया गया था कि शिकायतकर्ता को मांग और कारण बताओ नोटिस दिया गया था और उसे आरोपी द्वारा सीजीएसटी कार्यालय में कई बार बुलाया गया था। शिकायतकर्ता ने आगे आरोप लगाया कि उसने सिविल कार्य किए थे, जिसके लिए सभी बकाया करों का भुगतान उसके द्वारा किया गया था।

शिकायतकर्ता ने आगे आरोप लगाया कि मामले के बारे में पूछताछ करने के लिए सीजीएसटी कार्यालय जाने पर, सहायक आयुक्त ने पक्ष में आदेश पारित करने के लिए रिश्वत के रूप में दो लाख रुपये की मांग की। बातचीत के बाद आरोपी कथित तौर पर 50,000 रुपये रिश्वत लेने के लिए तैयार हो गया।
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उसके बाद सीबीआई ने जाल बिछाया और शिकायतकर्ता से 50,000 रुपये की रिश्वत मांगते और स्वीकार करते हुए आरोपी को रंगे हाथों पकड़ लिया। इसके बाद आरोपी को सीबीआई ने गिरफ्तार कर लिया। गुवाहाटी और हैदराबाद में आरोपी के आधिकारिक और आवासीय परिसरों में तलाशी ली गई। जांच जारी है और विस्तृत जानकारी की प्रतीक्षा है।

8.34 लाख करोड़ रुपये बढ़ सकती है रिलायंस की पूंजी
 बाजार पूंजीकरण के लिहाज से देश की सबसे बड़ी कंपनी रिलायंस इंडस्ट्रीज की पूंजी अगले कुछ समय में 8.34 लाख करोड़ रुपये बढ़ सकती है। ब्रोकरेज फर्म मॉर्गन स्टेनली ने कहा, रिलायंस इंडस्ट्रीज के चौथे मॉनेटाइजेशन चक्र में कंपनी की पूंजी 5 से 8 लाख करोड़ रुपये से ज्यादा (60-100 अरब डॉलर) बढ़ सकती है। पूंजीकरण में वृद्धि होने की मुख्य वजह कंपनी की बाजार हिस्सेदारी में वृद्धि, पूर्ण एकीकरण और व्यवसाय को नया स्वरूप देने पर हर बार निवेशकों की अपेक्षाओं से अधिक प्रदर्शन करने की रिलायंस की क्षमता रही है।
मॉर्गन स्टेनली ने कहा, कंपनी की आय 2023-24 से लेकर 2025-26 के दौरान 12 फीसदी की वार्षिक दर से बढ़ेगी, जिसमें सभी क्षेत्रों से आय में तेजी आएगी।  
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