80 से 85 प्रतिशत पेटीएम वॉलेट ग्राहकों को पेटीएम पेंमेंट्स बैंक पर हुई कार्रवाई से कोई असुविधा नहीं होगी। रिजर्व बैंक के गवर्नर शक्तिकांत दास ने बुधवार को ये बातें कही। उन्होंने कहा कि पेटीएम वॉलेट के 80-85 प्रतिशत उपयोगकर्ताओं को नियामकीय कार्रवाइयों की वजह से किसी तरह की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा और शेष उपभोक्ताओं को अपने एप को दूसरे बैंकों से जोड़ने की सलाह दी गई है।
आरबीआई गवर्नर ने एक उदाहरण देते हुए बताया कि कोई भी फेरारी का मालिक हो सकता है और चला सकता है लेकिन फिर भी हादसों से बचने के लिए यातायात नियमों का पालन करना पड़ता है। यह पूछे जाने पर कि भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (एनपीसीआई) पेटीएम भुगतान एप के लाइसेंस पर कब तक निर्णय करेगा, दास ने कहा कि उसे इसकी आंतरिक जांच करनी होगी।
आर्थिक वृद्धि के बारे में दास ने कहा, 'उच्च आवृत्ति वाले संकेतकों और आर्थिक गतिविधियों की गति की हमारी समझ बताती है कि चौथी तिमाही में 5.9 प्रतिशत की वृद्धि दर को पार किया जा सकता है। उन्होंने कहा, 'जब ऐसा होगा, जाहिर तौर पर सालाना वृद्धि दर 7.6 प्रतिशत से अधिक होगी। इस बात की काफी संभावना है कि चालू वित्त वर्ष के लिए जीडीपी आंकड़ा 8 प्रतिशत के करीब रहेगा।'
उन्होंने यह भी कहा कि हालिया मौद्रिक नीति में अगले वित्त वर्ष के लिए 7 प्रतिशत वृद्धि का अनुमान लगाया गया है। मूल्य वृद्धि के बारे में दास ने कहा कि 5.1 प्रतिशत की ताजा मुद्रास्फीति दर चार प्रतिशत के लक्ष्य से अब भी 110 आधार अंक दूर है। उन्होंने कहा कि मुद्रास्फीति में गिरावट आ रही है और रिजर्व बैंक अब मुद्रास्फीति को चार प्रतिशत के लक्ष्य तक ले जाने पर ध्यान दे रहा है।