आज घरेलू बाजार में सोने की वायदा कीमत में बढ़त दर्ज की गई और चांदी वायदा सस्ती हुई। एमसीएक्स पर फरवरी का सोना वायदा दो दिन की गिरावट के बाद 0.15 फीसदी बढ़कर 49,149 रुपये प्रति 10 ग्राम पर था, जबकि चांदी की वायदा कीमत 0.11 फीसदी की गिरावट के साथ 63,460 रुपये प्रति किलोग्राम हो गई। पिछले कारोबारी सत्र में सोना 0.3 फीसदी गिरा था जबकि चांदी में 0.12 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई थी।
वैश्विक बाजार में इतना रहा दाम
वैश्विक बाजार में अमेरिकी अर्थव्यवस्था के आंकड़ों से आर्थिक सुधार की चिंता की बीच सोने की दरों में वृद्धि हुई है। हाजिर सोना 0.1 फीसदी ऊपर 1,836.54 डॉलर प्रति औंस पर था। अन्य कीमती धातुओं में चांदी 0.1 फीसदी गिरकर 23.94 डॉलर प्रति औंस हो गई, जबकि प्लैटिनम 0.2 फीसदी बढ़कर 1,028.71 डॉलर और पैलेडियम 0.1 फीसदी की बढ़त के साथ 2,334.03 डॉलर पर पहुंचा।
हालांकि अमेरिकी सरकार के सलाहकार पैनल द्वारा गुरुवार को फाइजर वैक्सीन के व्यापक उपयोग का समर्थन करने के बाद सोने की कीमत में उछाल सीमित रहा। गुरुवार को जारी किए गए आंकड़ों से पता चला है कि कोविड-19 के बढ़ते संक्रमण और अतिरिक्त राजकोषीय प्रोत्साहन की कमी के बीच अमेरिका के साप्ताहिक बेरोजगार दावे लगभग तीन महीने के उच्च स्तर पर पहुंच गए हैं। इस बीच, ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन ने चेतावनी दी है कि ब्रिटेन यूरोपीय संघ से बिना व्यापार समझौते के बाहर हो सकता है। मालूम हो कि सोने को राजनीतिक और आर्थिक अनिश्चितता के खिलाफ एक बचाव के रूप में भी देखा जाता है। इसके साथ ही सोने को कमजोर डॉलर से भी समर्थन मिला।
कीमत में उतार-चढ़ाव के प्रमुख कारण
अमेरिकी डॉलर में उतार-चढ़ाव, बढ़ते कोरोना वायरस के मामले और इससे संबंधित प्रतिबंध, प्रमुख अर्थव्यवस्थाओं से मिश्रित आर्थिक डाटा, अतिरिक्त प्रोत्साहन उपायों और ब्रेक्सिट अनिश्चितता से सोने और चांदी की कीमत में उतार-चढ़ाव देखा जा रहा है। ईटीएफ का प्रवाह सोने में कमजोर निवेशक रुचि को दर्शाता है।