वित्त राज्यमंत्री अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा है कि जरूरत के हिसाब से केंद्र सरकार और बैंकों के एकीकरण के लिए भी तैयार है। अगस्त 2019 में सुस्त अर्थव्यवस्था को गति देने के लिए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सरकारी बैंकों के विलय की घोषणा की थी। 18 में से छह सरकारी बैंकों का विलय कर दिया गया है। विलय के बाद केवल 12 सरकारी बैंक बचेंगे। 2017 में यह आंकड़ा 27 था।
जरूरत के हिसाब से आगे और होगा एकीकरण
इस संदर्भ में अनुराग सिंह ठाकुर ने कहा कि 'हमने सफलता से बैंकों का विलय किया है। दिवाला एवं ऋणशोधन अक्षमता संहिता (आईबीसी) सफल रही है। इसके जरिए बैंकों को चार लाख करोड़ रुपये वापस मिले हैं।' आगे उन्होंने कहा कि जरूरत के हिसाब से आगे और एकीकरण या विलय किया जाएगा।
एकीकरण से होंगे अनेक लाभ
ठाकुर ने कहा है कि इसके जरिए नरेंद्र मोदी सरकार के 2024-25 तक 50 खरब डॉलर की अर्थव्यवस्था के लक्ष्य को हासिल करने में मदद मिलेगी। एकीकरण से वैश्विक आकार के बैंक अस्तित्व में आएंगे। इनकी पहुंच अधिक व्यापक होगी। इतना ही नहीं, बैंकों की ऋण देने की क्षमता भी बेहतर होगी और बढ़िया उत्पादों और प्रौद्योगिकी के जरिए वे ग्राहकों को सेवाएं दे सकेंगे।
इन बैंकों के विलय की हुई थी घोषणा
1. ओरियंटल बैंक ऑफ कॉमर्स (Oriental Bank of Commerce) तथा यूनाइटेड बैंक ऑफ इंडिया (United Bank of India) का विलय पंजाब नेशनल बैंक (Punjab National Bank) में।
- विलय के पश्चात् पंजाब नेशनल बैंक भारत का दूसरा सबसे बड़ा सार्वजनिक क्षेत्रक बैंक बन जाएगा।
- इसके अतिरिक्त बैंक शाखाओं के मामले में भी यह बैंक देश का सबसे बड़ा बैंक होगा, जिसकी 11,437 शाखाएं होंगी।
- तीनों बैंकों के विलय के पश्चात् पंजाब नेशनल बैंक का कुल कारोबार 17.95 लाख करोड़ रुपए का हो जाएगा।
2. सिंडिकेट बैंक (Syndicate Bank) का विलय केनरा बैंक (Canara Bank) में।
- इस विलय के पश्चात् केनरा बैंक देश का चौथा सबसे बड़ा बैंक बन जाएगा।
- इस बैंक का कुल कारोबार 15.20 लाख करोड़ रुपए का होगा एवं इसकी कुल शाखाओं की संख्या 10,342 हो जाएगी।
3. आंध्रा बैंक (Andhra Bank) तथा कॉर्पोरेशन बैंक (Corporation Bank) का विलय यूनियन बैंक ऑफ इंडिया (Union Bank of India) में।
- विलय के पश्चात् यूनियन बैंक ऑफ इंडिया देश का पाँचवां सबसे बड़ा बैंक होगा।
- इसका कुल कारोबार 14.59 लाख करोड़ रुपए का होगा एवं इसकी कुल शाखाओं की संख्या 9,609 होगी।
4. इलाहाबाद बैंक (Allahabad Bank) का विलय इंडियन बैंक (Indian Bank) में।
- विलय के पश्चात् यह देश का सातवां सबसे बड़ा बैंक बन जाएगा।
- इसका कुल कारोबार 8.08 लाख करोड़ रुपए का होगा एवं इसकी शाखाओं की कुल संख्या 6,104 होगी।
बजट 2020 को करार दिया 'जन जन का बजट'
इस साल के बजट को ठाकुर ने 'जन जन का बजट' करार दिया और कहा कि इस समाज के सभी वर्गों का ख्याल रखा गया है। उन्होंने बताया कि बजट 2020 में युवाओं, महिलाओं, किसानों, निवेशकों और मध्यम वर्ग के मद्देनजर बड़े सुधार वाले कदम उठाए गए हैं। इसके अतिरिक्त जीवन बीमा निगम (एलआईसी) की सूचीबद्धता पर अनुराग ठाकुर ने कहा कि इससे पारदर्शिता बढ़ेगी। साथ ही सार्वजनिक भागीदारी भी बढ़ेगी।