बिहार और उत्तर प्रदेश में पिछले दो दिन में गरज के साथ बारिश और बिजली गिरने की वजह से 110 लोगों की मौत हो गई। वहीं कम से कम 32 घायल हो गए और व्यापक स्तर पर संपत्ति को क्षति पहुंची। पटना में आपदा प्रबंधन विभाग की ओर से जारी आंकड़ों के अनुसार बुधवार से अभी तक राज्य में बिजली गिरने से 83 लोगों की मौत हुई है। उन्होंने बताया कि इन घटनाओं में 20 से ज्यादा लोग घायल हुए हैं और अस्पतालों में भर्ती हैं।
बिहार में 83 की मौत
बिहार में आंधी और बारिश के दौरान बिजली गिरने से बृहस्पतिवार को 83 लोगों की मौत हो गयी जबकि कई अन्य व्यक्ति झुलस गए। आपदा प्रबंधन विभाग से प्राप्त जानकारी के मुताबिक बिजली गिरने से राज्य के 23 जिलों में कुल 83 लोगों की मौत हुई है, जिसमें गोपालगंज में सबसे ज्यादा 13 लोग हताहत हुए हैं।
इसके अलावा, नवादा एवं मधुबनी में आठ-आठ, सिवान एवं भागलपुर में छह-छह, पूर्वी चंपारण, दरभंगा व बांका में पांच-पांच, खगड़िया व औरंगाबाद में तीन-तीन, पश्चिम चंपारण, किशनगंज, जहानाबाद, जमुई, पूर्णिया, सुपौल, बक्सर व कैमूर में दो-दो और समस्तीपुर, शिवहर, सारण, सीतामढ़ी व मधेपुरा में एक-एक व्यक्ति की वज्रपात की चपेट में आकर मौत हो गई है।
जिलों से प्राप्त रिपोर्ट में कहा गया है कि बिजली गिरने से 20 से अधिक लोग घायल हो गए है जिन्हें इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। इस घटना पर पीएम नरेंद्र मोदी और सीएम नीतीश कुमार ने दुख जताया है।
वहीं, इस घटना के बाद मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने जान गंवाने वाले सभी 83 लोगों के परिवार को 4-4 लाख रुपये के मुआवजे देने का एलान किया है।
यूपी में 24 की मौत
वहीं, लखनऊ में अधिकारियों ने बताया कि उत्तर प्रदेश में बृहस्पतिवार को बिजली गिरने से कम से कम 24 लोगों की मौत हो गई और 12 घायल हो गए। उन्होंने बताया कि बुधवार को बिजली गिरने से तीन लोग की मौत हो गई थी।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जताया दुख
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बिहार में आंधी-तूफान और बिजली गिरने की वजह से हुई मौतों पर संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा, बिहार और उत्तर प्रदेश के कुछ जिलों में भारी बारिश और आकाशीय बिजली गिरने से कई लोगों के निधन का दुखद समाचार मिला। राज्य सरकारें तत्परता के साथ राहत कार्यों में जुटी हैं। इस आपदा में जिन लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी है, उनके परिजनों के प्रति मैं अपनी संवेदना प्रकट करता हूं।
बता दें कि उत्तर प्रदेश में भी करीब 13 लोगों की मौत बारिश-आंधी व आकाशीय बिजली गिरने से हुई है।
राष्ट्रपति ने जताई संवेदना
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने भी यूपी-बिहार की घटना पर दुख जताया है। उन्होंने कहा कि आंधी-बारिश और बिजली गिरने से जानमाल की हानि की खबर से दुखी हूं। प्रशासन राहत व बचाव कार्य कर रहा है। प्रभावित परिवारों को मेरी तरफ से संवेदना।
दर्जनों लोगों के झुलसने की भी खबर
इसके अलावा दर्जनों लोगों के झुलसने की भी खबर आई है। गोपालगंज जिले में गुरुवार की सुबह से हो रही बारिश के बीच आकाशीय बिजली से 13 लोगों की मौत हो गई है। बिजली से उचकागांव में चार, मांझा में दो और विजयीपुर, कटेया एवं बरौली में एक-एक व्यक्ति की मौत हो गई। जान गंवाने वाले ज्यादातर लोग खेत में धान की रोपाई कर रहे थे।
बरौली और मांझा में आकाशीय बिजली से झुलसकर घायल हुए चार लोगों को इलाज के लिए सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने सभी शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं दूसरी ओर उत्तरी बिहार में भी आकाशीय बिजली गिरने से चार लोगों की मौत हो गई है।
पूर्वी चंपारण में बिजली गिरने से नाबालिग बच्ची सहित दो लोगों की मौत हुई है। पश्चिमी चंपारण के शिकारपुर में विशुनपुरवा और मालदा में भी दो लोगों की बिजली गिरने से मौत हो गई। मधुबनी के घोघरडीहा में बिजली गिरने से पति-पत्नी की मौत की मौके पर ही मौत हो गई। इसके अलावा बेतिया जिले के शिकारपुर थाना के भसुरारी पंचायत में बिजली ने दो लोगों की जान ले ली।
राहुल ने भी जताया दुख
वहीं, कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने बृहस्पतिवार को बिहार के कुछ इलाकों में बिजली गिरने से कई लोगों की मौत होने पर दुख जताया और पार्टी कार्यकर्ताओं से प्रभावित परिवारों की हरसंभव मदद करने को कहा।
उन्होंने ट्वीट किया, बिहार में बिजली गिरने से 83 लोगों की मौत की ख़बर सुनकर स्तब्ध हूं। भगवान उनके प्रियजनों को इस दुख को सहन करने की शक्ति दे। कांग्रेस कार्यकर्ताओं से मेरी अपील है कि पीड़ित परिवारों की हर संभव मदद करें।
खबरों के मुताबिक बिहार के गोपालगंज, सीवान, दरभंगा, मधुबनी, पश्चिम चंपारण और कुछ अन्य इलाकों में बृहस्पतिवार को आंधी और बारिश के दौरान बिजली गिरने से 83 लोगों की मौत हो गयी जबकि कई अन्य झुलस गए।