हसनपुर में बाढ़ प्रभावित इलाके का दौरा करने गया हूं, वहां ताड़ के पेड़ पर भूत बैठा है, हमें पकड़ने आ रहा था। महादेव का नाम लिया तो भूत पीछे हटा, लेकिन हम डरे नहीं। उलटा उससे पूछा कि हमें डरा रहे हो? तो भूत बोला कि वह मेरा भाषण सुनने आया है। यह कहानी लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप ने सुनाई। सोमवार को फेसबुक पेज पर लाइव के दौरान तेज प्रताप ने कहा कि उन्होंने सपने में यह सब देखा है।
आरजेडी नेता तेज प्रताप ने कहा कि लोग उनसे कहते हैं कि आप भाषण देते हैं तो लगता है कि लालू यादव बोल रहे हैं। यानी मुझमें लालू जी का अक्स दिख रहा है। मेरे बारे में सपने भी लोग देखने लगे हैं। तेज प्रताप ने कहा कि हमने गरीबी नहीं देखी। संघर्ष नहीं किया। सब कुछ बना बनाया मिल गया। हमारे पिता हमारे आदर्श हैं। उन्होंने नौजवानों, छात्रों, महिलाओं के लिए काफी संघर्ष किया और सभी जातियों को एक जैसा समझा।
खादी के नए-नए कुर्ता-पायजामा पहनने से कोई नेता नहीं बन जाता- तेज प्रताप
तेज प्रताप ने अपने पिता लालू यादव के बारे में कहा कि फुलवरिया गांव में जब एक बच्चे का जन्म होता है तो किसी ने नहीं सोचा था कि यह बच्चा आगे चलकर बड़ा काम करेगा। लालू प्रसाद यादव ने संसद से लेकर सड़क तक गरीबों की आवाज उठाई, उनके लिए संघर्ष किया, लेकिन आजकल के नेता नए-नए होर्डिंग लगाते हैं। खादी के नए-नए कुर्ता-पायजामा पहनते हैं और परफ्यूम लगा लेते हैं तो समझते हैं कि नेता हो गए। नेता बनने के लिए संघर्ष की जरूरत पड़ती है। तेज प्रताप ने नीतीश कुमार का नाम लिए बिना तीखा हमला बोला। तेज प्रताप ने कहा कि आज नौजवान शिक्षा, रोजगार के लिए भटक रहे हैं। अभी के राज में पढ़ाई के नाम पर घोटाला है। इमली के पेड़ में जितने पत्ते होते हैं, इस सरकार में उतने घोटाले हुए हैं।