बिहार लोक सेवा आयोग की चौथे चरण की विद्यालय अध्यापक भर्ती परीक्षा (टीआरई-4) में अभ्यर्थियों ने आवेदन के सभी पुराने रिकॉर्ड तोड़ दिए हैं। राज्य के सरकारी स्कूलों में 33,320 पदों पर होने वाली इस बहाली के लिए सोमवार रात तक साढ़े नौ लाख अभ्यर्थी आवेदन कर चुके हैं। आयोग ने भर्ती परीक्षा में ऑनलाइन आवेदन की अंतिम तिथि तीन नवंबर निर्धारित की है। अभ्यर्थियों की यह रिकॉर्ड संख्या राज्य में सरकारी शिक्षक पद के प्रति जबरदस्त रुझान और कड़ी प्रतिस्पर्धा को दर्शाती है।
एक पद पर 28 से अधिक दावेदार
इस भर्ती परीक्षा में प्रत्येक पद के लिए अभ्यर्थियों के बीच कड़ी प्रतिस्पर्धा देखने को मिलेगी। औसतन एक पद के लिए 28 से अधिक अभ्यर्थी दौड़ में शामिल हैं। बिहार लोक सेवा आयोग ने हाल ही में आवेदन करने की अंतिम तिथि बढ़ाकर तीन नवंबर की है। इस कारण अंतिम तिथि समाप्त होने तक कुल आवेदनों की संख्या में और इजाफा होने की संभावना व्यक्त की जा रही है।
पिछले तीन चरणों के रिकॉर्ड टूटे
आयोग द्वारा पूर्व में आयोजित तीन चरणों की भर्ती प्रक्रियाओं की तुलना में चौथे चरण में आवेदकों की संख्या में ऐतिहासिक बढ़ोतरी देखी गई है। प्रथम चरण (टीआरई-1) में आठ लाख अभ्यर्थियों ने आवेदन जमा किए थे। द्वितीय चरण (टीआरई-2) में यह संख्या घटकर छह लाख तथा तृतीय चरण (टीआरई-3) में और कम होकर चार लाख 50 हजार रह गई थी। लगातार तीन चरणों तक आवेदकों की संख्या में आई गिरावट के बाद चौथे चरण में करीब साढ़े नौ लाख आवेदन जमा होना बेरोजगारी और सरकारी सेवा की ओर युवाओं के आकर्षण को स्पष्ट रूप से दर्शाता है।
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जानिए किस श्रेणी में कितने हैं पद
चौथे चरण की इस भर्ती प्रक्रिया के माध्यम से कुल 33,320 रिक्त पदों को भरा जाना है। विभिन्न कक्षाओं के अनुसार स्वीकृत पदों का विवरण इस प्रकार है:
- कक्षा एक से पांच तक के प्राथमिक विद्यालयों के लिए 3,847 पद तय किए गए हैं।
- कक्षा छह से आठ के मध्य विद्यालयों में 8,563 पदों पर शिक्षकों का चयन होगा।
- कक्षा नौ से 10 के माध्यमिक विद्यालयों के लिए नए तथा संशोधित पदों को मिलाकर कुल 4,380 पद रखे गए हैं।
- कक्षा 11 से 12 के उच्च माध्यमिक विद्यालयों में सबसे अधिक 16,540 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी।