नालंदा जिले के जगदीशपुर गांव में रविवार को जो कुछ हुआ वो भीड़ की हैवानियत का एक घिनौना चेहरा कहा जा सकता है। निजी स्कूल के दो लापता छात्रों के शव मिलने से गुस्साई भीड़ ने इंसानियत की हद लांघते हुए स्कूल के निदेशक को पीट-पीट कर मार डाला।
पिटाई के दौरान भीड़ ने उनकी एक आंख भी फोड़ डाली। मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह भीड़ से निदेशक को बचाया और अस्पताल में भर्ती कराया, लेकिन दूसरे अस्पताल ले जाने के दौरान निदेशक ने दम तोड़ दिया।
राजगीर के लहुआर गांव निवासी श्याम किशोर प्रसाद के 10 वर्षीय पुत्र सागर कुमार और पचवारा गांव निवासी मनोहर प्रसाद के 11 वर्षीय पुत्र रवि कुमार नीरपुर गांव के निजी स्कूल के छात्रावास में रहकर पढ़ाई कर रहे थे।
दोनों लापता थे। रविवार को विद्यालय से कुछ ही दूरी पर दोनों छात्रों का शव सड़क किनारे गड्ढे में मिला और उनकी शिनाख्त हुई। इसकी सूचना मिलते ही गांव के आसपास के ग्रामीण स्कूल पहुंच गये।