विश्व पर्यावरण दिवस 2026 के अवसर पर पटना जू की ओर से 5 जून को विशेष कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। इस वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस की थीम “प्रकृति से प्रेरित – जलवायु के लिए, हमारे भविष्य के लिए” निर्धारित की गई है। इसी थीम को केंद्र में रखते हुए छात्रों और युवाओं में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने तथा उनकी रचनात्मक प्रतिभा को प्रोत्साहित करने के लिए पटना जू प्रशासन ने ऑनलाइन चित्रकला एवं पोस्टर प्रस्तुतीकरण प्रतियोगिता आयोजित करने की घोषणा की है।
पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने की पहल
इस प्रतियोगिता का मुख्य उद्देश्य छात्रों को पर्यावरण संरक्षण, जैव विविधता संवर्धन, जलवायु परिवर्तन, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और प्रकृति के साथ सह-अस्तित्व जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर अपने विचारों को कलात्मक रूप में प्रस्तुत करने के लिए प्रेरित करना है। पटना जू प्रशासन का मानना है कि पर्यावरण संरक्षण और प्रकृति के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करने में बच्चों और युवाओं की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। ऐसे आयोजनों के माध्यम से नई पीढ़ी को पर्यावरण के प्रति संवेदनशील बनाने का प्रयास किया जा रहा है।
ग्रीष्मकालीन अवकाश को देखते हुए ऑनलाइन प्रतियोगिता
वर्तमान में ग्रीष्मकालीन अवकाश के कारण अधिकांश विद्यालय बंद हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए अधिक से अधिक विद्यार्थियों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए प्रतियोगिता को ऑनलाइन माध्यम से आयोजित किया जा रहा है। छात्र-छात्राएं अपने घर पर ही चित्र या पोस्टर तैयार कर प्रतियोगिता में भाग ले सकते हैं। इससे राज्य के विभिन्न जिलों के विद्यार्थी बिना किसी परेशानी के अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर सकेंगे।
यह खबर भी पढ़ें-Bihar : मां के बयान के साथ खड़ी हुई रोहिणी, तुगलकी बयान और दबंगई कह बिहार में बताया प्रतिशोध मॉडल
3 जून तक भेज सकते हैं प्रविष्टियां
प्रतिभागी अपनी प्रविष्टियां पटना जू की वेबसाइट patnazoo.bihar.gov.in अथवा ई-मेल patnazoodigital@gmail.com के माध्यम से भेज सकते हैं। प्रतियोगिता में भाग लेने के लिए प्रविष्टियां जमा करने की अंतिम तिथि 3 जून 2026 की रात 11:00 बजे निर्धारित की गई है।
पटना जू प्रशासन ने राज्य के सभी छात्र-छात्राओं से इस प्रतियोगिता में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की है। प्रशासन का कहना है कि पर्यावरण संरक्षण केवल एक जिम्मेदारी नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के सुरक्षित भविष्य से जुड़ा विषय है और इस दिशा में युवाओं की भागीदारी बेहद जरूरी है।