मतदान केंद्र पर तैनात पुलिस बल
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बिहार के तरारी उपचुनाव में मतदान शांतिपूर्ण ढंग से जारी है, लेकिन मंगलवार को मतदान के दौरान एक गली विवाद को लेकर मारपीट की घटना सामने आई, जिसे चुनावी रंग देने की कोशिश की गई। इस मामले में स्थानीय अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि मारपीट का चुनाव से कोई संबंध नहीं है, बल्कि यह आपसी गली विवाद के कारण हुआ था। एएसपी केके सिंह ने घटनास्थल पर स्थिति का जायजा लेते हुए स्पष्ट किया कि यह विवाद आपसी रंजिश का परिणाम है। मतदान प्रक्रिया बिल्कुल शांतिपूर्ण और व्यवस्थित ढंग से चल रही है।
जानकारी के अनुसार, धर्मपुरा गांव के वार्ड-5 में दो पक्षों के बीच विवाद हुआ। इस घटना में इमादपुर थानाक्षेत्र के धर्मपुरा निवासी ललन यादव और दूसरे पक्ष के दो अन्य लोग घायल हो गए। इन घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए स्थानीय पीएचसी में भर्ती कराया गया। पीड़ित पक्ष ने आरोप लगाया कि दूसरे पक्ष द्वारा वोट डालने के लिए दबाव बनाया जा रहा था, जिसके कारण विवाद बढ़ा और मारपीट हुई।
हालांकि, घटनास्थल पर पहुंचकर पीरो एसडीपीओ कृष्ण कुमार सिंह और अन्य पुलिस अधिकारियों ने जांच के बाद स्पष्ट किया कि इस मारपीट का चुनावी प्रक्रिया से कोई संबंध नहीं है। एसडीपीओ ने बताया कि गली में आने-जाने को लेकर पहले से दोनों पक्षों में तनाव था। उसी विवाद ने आज मारपीट का रूप ले लिया। उन्होंने यह भी कहा कि इस घटना के बावजूद गांव में शांतिपूर्ण मतदान हो रहा है। बूथों पर सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।
धर्मपुरा बूथ पर तैनात पीठासीन अधिकारी राधाकृष्ण प्रसाद ने भी अफवाहों का खंडन किया। उन्होंने बताया कि सुबह सात बजे से बूथ पर बिना किसी बाधा के मतदान जारी है। उन्होंने कहा कि कुछ लोग अफवाह फैला रहे हैं कि बूथ पर मारपीट से मतदान बाधित हुआ है, जबकि ऐसा कोई मामला नहीं है। मतदान प्रक्रिया पूरी तरह से शांतिपूर्ण और सुरक्षित ढंग से संचालित हो रही है। इस घटना के बाद पुलिस प्रशासन ने गांव में शांति बनाए रखने और मतदान प्रक्रिया को सुचारू रूप से जारी रखने के लिए अतिरिक्त सुरक्षा बलों की तैनाती की है।