बिहार धार्मिक न्यास बोर्ड के अध्यक्ष अखिलेश कुमार जैन ने कहा कि महंत और व्यक्ति 'कबीर मठ' भूमि के मालिक नहीं हो सकते। जैन ने कहा कि राजस्व रिकॉर्ड में विसंगतियों को दूर करने के लिए, बोर्ड व्यक्ति विशेष के स्वामित्व के दावों को अवैध मानेगा।
अवैध बिक्री और खरीद पर रोक लगेगी: जैन
जैन ने कहा कि न्यास बोर्ड के इस कदम से इन मठों की भूमि की व्यापक अवैध बिक्री और खरीद पर रोक लगेगी। उन्होंने कहा कि समस्तीपुर, सीवान, वैशाली और वाराणसी के चार कबीर मठों के प्रमुखों से सलाह मशविरा करने के बाद यह फैसला लिया गया।
कुछ महंतों ने अवैध ढंग से अपने नाम पर संपत्ति दर्ज कराई: जैन
हमें राज्य में कबीर मठ संपत्तियों के राजस्व रिकॉर्ड में कई विसंगतियों के बारे में पता चला है। कुछ मामलों में संबंधित मठों के महंतों ने अपने नाम पर संपत्ति दर्ज कराई, जो कि एकदम अवैध है। अब, हम इस प्रथा को नहीं चलने देंगे। निर्देश दिया गया है कि इन मठों की संपत्तियों का स्वामित्व केवल संप्रदाय के पास होना चाहिए। चार मठों के प्रमुखों की सहमति से यह निर्णय लिया गया है।