आर्थिक विकास और रोजगार के नए अवसर
पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इन होटलों के निर्माण से न केवल पर्यटकों को उच्च स्तरीय आवास और सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि यह राज्य में आर्थिक गतिविधियों को भी प्रोत्साहित करेगा। इसके साथ ही स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
परियोजना के तहत होटल पाटलिपुत्र अशोक में कम से कम 100 कमरे होंगे। सुल्तान पैलेस और बांकीपुर बस स्टैंड परिसर में 150-150 कमरों वाले पांच सितारा होटलों का निर्माण होगा। वहीं, शेष भूमि पर चार सितारा होटलों का वैकल्पिक निर्माण भी प्रस्तावित है।
विरासत और आधुनिकता का समन्वय
सुल्तान पैलेस के ऐतिहासिक महत्व को ध्यान में रखते हुए इसे संरक्षित करते हुए हेरिटेज होटल के रूप में विकसित किया जाएगा। वहीं, होटल पाटलिपुत्र अशोक और बांकीपुर बस स्टैंड परिसर की वर्तमान संरचनाओं को हटाकर वहां नए और आधुनिक होटलों का निर्माण होगा। इन होटलों के डिजाइन में आधुनिकता और विरासत दोनों का समावेश होगा।
पर्यटन के क्षेत्र में बिहार का बड़ा कदम
इन परियोजनाओं के माध्यम से बिहार पर्यटन विभाग ने राज्य को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पर्यटन मानचित्र पर नई पहचान दिलाने का संकल्प लिया है। पटना में पांच सितारा होटलों का निर्माण राज्य में बढ़ते पर्यटकों की जरूरतों को पूरा करने के साथ ही औद्योगिक निवेश को भी प्रोत्साहित करेगा।
इन होटलों के निर्माण और संचालन के लिए डेवलपर्स को 90 वर्षों के लिए लीज अधिकार प्रदान किए जाएंगे। इसमें 60 वर्षों के बाद 30 वर्षों के लिए स्वचालित नवीनीकरण का प्रावधान है।