बिहार की सियासत एक बार फिर गरमा गई है। राजद के महुआ से विधायक मुकेश रोशन ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि बिहार में राष्ट्रपति शासन लगाया जाना चाहिए। हाजीपुर में मीडिया से बात करते हुए विधायक ने कहा कि राज्य में लगातार बढ़ते अपराध, मुख्यमंत्री के व्यवहार में असामान्य बदलाव और उनकी स्वास्थ्य संबंधी स्थिति को देखते हुए अब उन्हें मुख्यमंत्री पद से हटा दिया जाना चाहिए।
फूलों के गमले को माथे पर रखने से उठा विवाद
मुकेश रोशन ने मुख्यमंत्री की हालिया एक सार्वजनिक घटना का जिक्र करते हुए कहा कि एक शिक्षक नियुक्ति पत्र वितरण समारोह के दौरान नीतीश कुमार ने अपने सिर पर स्वागत के लिए दिया गया फूलों का गमला रख लिया, जो अब पूरे राज्य में राजनीतिक बहस का विषय बन गया है। विधायक ने इस घटना को मानसिक अस्थिरता का संकेत बताया।
यह भी पढ़ें- Bihar News: अपर मुख्य सचिव के सिर पर गमला! सीएम नीतीश कुमार ने स्वागत में मिले गमले से ये क्या किया?
महिलाओं और पत्रकारों से व्यवहार पर भी उठाए सवाल
राजद विधायक ने मुख्यमंत्री के सार्वजनिक व्यवहार पर भी गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि कभी महिलाओं को मंच पर अपमानित करते हैं, कभी एंकर के साथ अनुचित व्यवहार करते हैं, कभी दो नेताओं के सिर आपस में टकरा देते हैं। यहां तक कि पत्रकारों को एक-दूसरे से चंदन लगवाने का निर्देश देते हैं।
‘एक लाचार और बीमार मुख्यमंत्री से बिहार नहीं चल सकता’
मुकेश रोशन ने कहा कि मुख्यमंत्री कभी अधिकारियों के पैर पकड़ लेते हैं, तो कभी प्रधानमंत्री के पैर छूने लगते हैं, जिससे यह प्रतीत होता है कि उनका मानसिक संतुलन गड़बड़ा गया है। उन्होंने बिहार के स्वास्थ्य मंत्री से नीतीश कुमार की मानसिक और शारीरिक स्थिति की जांच करवाकर उसका मेडिकल बुलेटिन सार्वजनिक करने की मांग की है।
यह भी पढ़ें- Bihar News: थर्मल प्लांट के बाहर सनसनी; राजद नेता को अज्ञात बदमाशों ने मारी गोली, इलाके में दहशत
‘संवैधानिक पद पर रहने योग्य नहीं’
विधायक ने कहा कि जिस व्यक्ति का मानसिक संतुलन ठीक न हो, वह राज्य के मुख्यमंत्री जैसे जिम्मेदार संवैधानिक पद पर नहीं रह सकता। ऐसे में बिहार के जनहित और लोकतंत्र की रक्षा के लिए आवश्यक है कि तत्काल राष्ट्रपति शासन लागू किया जाए और राज्य में नई सरकार के लिए चुनाव कराए जाएं।