चुनावी कार्यक्रम के दौरान सीएम नीतीश कुमार
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सीएम नीतीश कुमार ने बुधवार को सुपौल के निर्मली स्थित हरि प्रसाद साह कॉलेज में चुनावी सभा को संबोधित किया। यहां उन्होंने जदयू उम्मीदवार और निवर्तमान सांसद दिलेश्वर कामैत के लिए वोट की अपील की। वहीं, उन्होंने नाम लिए बिना लालू परिवार पर जमकर निशाना साधा। सीएम ने कहा कि 2005 से पहले बिहार की स्थिति ऐसी थी कि लोग घर से शाम के बाद बाहर नहीं निकलते थे। अब बिना किसी रोक टोक के देर रात भी सारा काम करते हैं। लेकिन विरोधियों को विकास नहीं दिख रहा है।
जदयू के शीर्ष नेता कुमार ने कहा कि राजद और कांग्रेस परिवारवाद से बाहर नहीं निकल सके हैं। उन्होंने राष्ट्रीय जनता दल सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव का बिना नाम लिए कहा कि वर्ष 2005 से पहले खुद सीएम बने और फिर खुद हटकर अपनी पत्नी राबड़ी देवी को मुख्यमंत्री बनाया। अब बेटे को सीएम बनाने के प्रयास में लगे हुए हैं। बेटे-बेटियों को चुनावी मैदान में उतार दिया है।
वहीं, नीतीश ने आगे कहा कि कांग्रेस गांधी परिवार से बाहर सोच ही नहीं पा रहा है। जबकि दूसरी तरफ एनडीए में कोई परिवारवाद नहीं है। यहां काम करने वाले कार्यकर्ता आगे बढ़ते हैं। उन्होंने कहा कि बिहार में जब हम एनडीए छोड़ कर महागठबंधन गए थे तो सूबे में जाति जनगणना हमने करवाई और राजद वाले क्रेडिट लेने के लिए घूम-घूम कर शोर मचा रहे हैं। हमने कांग्रेस से कहा कि आप कांग्रेस शासित राज्य में जाति जनगणना क्यों नहीं करा रहे हैं तो उन्होंने चुप्पी साध ली। तब हम इंडिया को छोड़ कर एनडीए में वापस आ गए। अब कभी इंडि महागठबंधन में नहीं जाएंगे। उन्होंने लोगों से सात मई को एनडीए उम्मीदवार के पक्ष में मतदान की अपील की।
इस मौके पर सूबे के पीएचईडी मंत्री नीरज कुमार सिंह बबलू, ऊर्जा मंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव, निवर्तमान सांसद सह एनडीए प्रत्याशी दिलेश्वर कामैत समेत अन्य एनडीए के सभी घटक दल के वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता मौजूद थे।