बिहार के सुपौल जिले के प्रतापगंज थाने में तैनात एक होमगार्ड जवान की मौत शनिवार की रात को गश्ती के दौरान हृदय गति रुकने से हो गई। हालांकि जब तक उन्हें प्रतापगंज अस्पताल पहुंचाया गया। डॉक्टर ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौत की खबर सुनते ही मृतक के परिजनों में कोहराम मच गया। वहीं, प्रतापगंज पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल सुपौल भेज दिया और आगे की कार्रवाई में जुट गई।
जानकारी के मुताबिक, जिले के राघोपुर प्रखंड के गिरिपट्टी वार्ड नंबर सात निवासी ब्रह्मदेव यादव (53) होमगार्ड के जवान के रूप में प्रतापगंज थाने में कार्यरत थे। मृतक के बेटे शंभू यादव ने बताया कि मेरे पिता को बीते 10 दिन पहले गणपतगंज कैंप से बदलकर प्रतापगंज थाने में तैनात किया गया था। वहीं, वे रात को गश्ती के लिए पुलिस गाड़ी में बैठ कर ड्यूटी कर रहे थे। इसी दरमियान उनके सीने में दर्द हुआ तो उनके सहयोगी उन्हें प्रतापगंज स्वास्थ्य केंद्र ले गए। जहां इलाज के दौरान मेरे पिता की मौत हो गई। इधर होमगार्ड जवान की मौत होने के बाद परिवार मातमी सन्नाटा पसर गया है।
प्रतापगंज थाना अध्यक्ष अभिषेक अंजन ने पुष्टि करते हुए बताया कि गश्ती के लिए निकलते ही होमगार्ड जवान को अचानक खांसी होना शुरू हो गया। साथ में मौजूद अधिकारी ने हमें सूचना दी कि होमगार्ड जवान ब्रह्मदेव यादव को अत्यधिक खांसी हो रही है और खांसते-खांसते गरचेत हो गया। हमने तुरंत अस्पताल ले जाने को कहा। अस्पताल पहुंचते ही डॉक्टर ने कहा कि हार्ट अटैक से जवान की मौत हो गई है। परिजनों ने बताया कि जवान पूर्व से डायबिटीज मरीज था। फिलहाल शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज कर कानूनी कार्रवाई की जा रही है।