गया शहर के चांद चौरा रोड स्थित बड़ा बागीचा में रविवार को आयोजित मगही उत्सव के समापन समारोह के मौके पर मुख्य अतिथि बिहार के डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। समारोह को संबोधित करते हुए उप मुख्यमंत्री विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि सो रही विरासत को जगाना है, उसके बाद ही अखंड भारत का सपना पूरा होगा।
उन्होंने कहा कि आज बिहार की बहुरंगी कला और संस्कृति को सहजेने में भागदारी करने में प्रसन्नता जाहिर की है। वह कला से पैदा होने वाले प्रभाव को ईश्वर का सहोदर मानते हैं। जो साधना करता है, वह सफल होता है। समाज के हर वर्गों तक संस्कार भारतीय का उद्देश्य है, मौलिक सनातन सोच उत्पन्न करना लक्ष्य है। डिप्टी सीएम ने कहा कि विरासत और विकास का समन्वय बनाना है। जो विरासत का सम्मान नहीं कर सकता है, उसमें विकास की सोच नहीं आ सकती है। सो रही विरासत को जगाना है, तभी अखंड भारत का सपना पूरा होगा।
‘राजद का मतलब जंगलराज’
वहीं, राजद नेता तेजस्वी यादव द्वारा बिहार में ट्रांसफर पोस्टिंग के बयान पर डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा ने कहा कि राजद एक संस्कृति है। राजद का मतलब अराजकता, राजद का मतलब माननीय कोर्ट ने कहा जंगलराज, राजद का मतलब समाज में उन्माद पैदा करना, नरसंहार, हत्या और अपहरण का उद्योग चलाना यह सब राजद की संस्कृति का पार्ट है। उन्होंने कहा कि राजद और जंगलराज के युवराज नेता प्रतिपक्ष बने हैं। जब इनके माता पिता सत्ता में थे तो वह ट्रांसफर पोस्टिंग करते थे या नहीं करते थे। उनका किसी भी विषय पर अनर्गल बयानबाजी करना काम है।
सीएम नीतीश को लेकर कही ये बात
विजय सिन्हा ने कहा कि आज सीएम नीतीश कुमार एनडीए के साथ है तो एनडीए के साथ मिलकर समाज में सामाजिक सौहार्द के लिए पूरी तत्परता से लगे हैं। नीतीश कुमार ने भी खुद कहा कि थोड़े देर के लिए बुला लिए थे, यह तनाव पैदा कर रहा था। समाज को लड़ाने का और जनता की गाढ़ी कमाई को लूटने का यही सिर्फ इनका काम रह गया था।
'हम सभी एक ही पूर्वज की संतान हैं'
जानकारी के मुताबिक, मगही कला उत्सव के पहले दिन केंद्रीय मंत्री सह पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए थे। समारोह को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि हम जिस संस्कार और संस्कृति की बात करते हैं, वह वर्तमान समय में बहुत बदल गया है। हम लोगों को अपने बच्चों को सामाजिक समरसता, पर्यावरण, संरक्षण और स्वदेशी शैली जैसे विषयों को बताने की जरूरत है। हम सभी एक ही पूर्वज के संतान हैं।