उन्होंने बताया कि 18 जून को गया बार एसोसिएशन के सेंट्रल हॉल में सुबह 7:30 बजे शोक सभा आयोजित कर दिवंगत अधिवक्ताओं को श्रद्धांजलि दी जाएगी। इसके बाद न्यायिक कार्य नहीं करेंगे। उन्होंने बताया कि जिला एवं सत्र न्यायाधीश से अनुरोध किया गया है कि 18 जून अगर कोई अधिवक्ता किसी वाद (केस) की सुनवाई में उपस्थित नहीं होते हैं तो किसी तरह का दंडात्मक कार्रवाई का आदेश न पारित किया जाए।
प्रभारी सचिव नंद किशोर प्रसाद ने कहा कि छपरा बार एसोसिएशन के दो विद्वान अधिवक्ता पिता और पुत्र राम अयोध्या यादव और सुनील कुमार यादव की निर्मम हत्या अपराधियों के द्वारा 12 जून को न्यायालय जाने के दौरान कर दी गई थी। बिहार स्टेट बार काउंसिल के सदस्य मुरारी कुमार हिमांशु, अधिवक्ता अभय सिंह, मृत्यंजय सिंह, ब्रज बिहारी प्रसाद सिन्हा, सतीश कुमार सिंह, बैकुंठ सिंह और बागेश कुमार ने घटना की कड़ी निंदा करते हुए अपराधियों को यथाशीघ्र गिरफ्तार करने की मांग सरकार से की है।