Operation Sindoor: जदयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने कहा, भारतीय सेना ने ऑपरेशन सिंदूर के द्वारा पाकिस्तान में घुसकर आतंकियों के ठिकानों को ध्वस्त किया है। पाकिस्तान अब भी नहीं माना तो अभी यह ट्रेलर है, पूरी फिल्म बाकी है।
जनता दल यूनाइटेड के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने बिहार के गया में अमर उजाला प्रतिनिधि से बात करते हुए कहा कि भारत के सब्र का इंतजार पाकिस्तान न ले। पाकिस्तान ने जब भी कोई गुस्ताखी की है, हमने 1965 में लाहौर तक खदेड़ा था। 1971 में पाकिस्तान को हमने दो टुकड़े किया था। उसके बाद चाहे वह दो बड़ी कार्रवाई पुलवामा समेत अन्य घटनाएं हुई हैं। उन घटनाओं के बाद बालाकोट सर्जिकल स्ट्राइक हुआ। पाकिस्तान के आतंकी ठिकानों पर कार्रवाई की गई थी।
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राजीव ने कहा, इस बार कुछ बड़ा होना था। बेकसूर सैलानियों की जिंदगियां छिनीं गई। निसंदेह इस सवाल पर पूरा कश्मीर भारत के साथ खड़ा दिख रहा है। लोग सड़कों पर थे, पाकिस्तान अभी भी नहीं समझा तो हिंदुस्तान दुनिया के भूगोल से पाकिस्तान का नाम मिटा देगा, यह उन्हें समझना चाहिए।
प्रधानमंत्री ने कहा है अभी यह ट्रेलर है, पूरी फिल्म बाकी है। इस सवाल पर उन्होंने कहा, बिल्कुल सही कहा है प्रधानमंत्री ने यह ट्रेलर है, अभी पूरी फिल्म बाकी है। हम लोगों ने पूर्व में ऐसा करके दिखाया है। 1971 उन्हें भूलना नहीं चाहिए। 1971 में पाकिस्तान के 90 हजार सैनिकों ने आत्म समर्पण किया था और बांग्लादेश का देश के मानसून पर उदय हुआ था। पाकिस्तान अगर भूल रहा है तो मुझे लगता है कि यह बड़ी गलती कर रहा है। अगर पाकिस्तान भूल रहा है तो मुझे लगता है कि यह बड़ी गलती कर रहा है। इतनी बात है, सिकसत के बाद भी आज पाकिस्तान के लोग भी पाकिस्तान सरकार के खिलाफ खड़े हैं।
ऑपरेशन सिंदूर के तहत हुई कार्रवाई
वहीं, जदयू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राजीव रंजन प्रसाद ने ऑपरेशन सिंदूर पर कहा कि जिस तरह से लोग अपने गाढ़ी कमाई से कश्मीर जाते रहे हैं और हाल के वर्षों में जो नरेंद्र मोदी की नेतृत्व में केंद्र सरकार के फैसले थे। उससे कश्मीर की फिजा बदली है। पूरे दुनिया के पर्यटक कश्मीर आ रहे थे। किसी को ऐसा नहीं लगता था कि पहलगाम में लोग आएंगे, अपने परिवार के साथ छुट्टियां मनाने और इस बीच में चुन-चुन कर पुरुषों को मार दिया जाएगा, जिन महिलाओं के सिंदूर इस खून में धूल गए थे, निसंदेह यह भारत का संकल्प था कि उनको करारा जवाब सिंदूर ऑपरेशन के जरिए दिया जाए और भारत सरकार ने कर दिखाया है।