बिहार से झारखंड के बीच फोरलेन सड़क बनने से अब सड़क मार्ग का सफर और आसान हो जाएगा। पटना से जहानाबाद, गया, बोधगया और डोभी तक फोरलेन सड़क बनने का प्रस्ताव है। इससे कम समय में अधिक दूरी तय की जा सकेगी। साथ ही इन फोरलेन सड़कों का बड़ा फायदा देशी-विदेशी पर्यटकों को भी मिलेगा। बिहार-झारखंड को बांटने वाली सीमा जीटी रोड पहले से ही फोरलेन है।
पटना में प्रस्तावित फोरलेन सड़क की शुरुआत महात्मा गांधी सेतु के दक्षिण छोर पहाड़ी गांव से होगी। फिर यह सड़क धनरूआ, मसौढ़ी, जहानाबाद, बेलागंज, गया और बोधगया होते हुए डोभी में जीटी रोड से जुड़ेगी। इस फोरलेन के बन जाने से पटना से डोभी की दूरी दो घंटे में तय की जा सकेगी। अभी इस दूरी को तय करने में तीन-साढ़े तीन घंटे लग जाते हैं। पटना-गया के बीच कई रेल गुमटियां भी हैं यदि वे बंद मिली तो समय और भी अधिक लग जाता है।
कहा जा रहा है कि अत्याधुनिक मानक के तहत बनने वाली इस सड़क का लिंक पटना-गया के बीच कुछ अन्य शहरों से भी जुड़ेगा। बुद्घिस्ट सर्किट के तहत बनने वाली इस सड़क का एक बड़ा लाभ देशी-विदेशी पर्यटकों को भी मिलेगा। इसका निर्माण कार्य एनएचएआई की देखरेख में कराया जाएगा। सूत्रों के अनुसार जापानी कॉरपोरेशन से एग्रीमेंट होते ही सड़क निर्माण के लिए टेंडर वगैरह की प्रक्रिया आरंभ कर दी जाएगी। इस रोड के बन जाने से रांची से पटना वाया गया पांच-साढ़े पांच घंटे में पहुंचा जा सकेगा।
पटना से डोभी के बीच 127 किमी. लंबी सड़क का प्रस्तावित है। जानकारों के मुताबिक इसके निर्माण के लिए केंद्र सरकार के पब्लिक इंवेस्टमेंट बोर्ड ने अपनी स्वीकृति दे दी है। इसके निर्माण कार्य पर 18 सौ करोड़ रूपये का खर्च आने की संभावना है। केन्द्रीय कैबिनेट की मंजूरी मिलते ही इस पर काम प्रारंभ हो जाएगा। सूत्रों के अनुसार इसके लिए राज्य सरकार जापान इन्वेस्टमेंट कॉरपोरेशन से कर्ज लेगी। सेंट्रल कैबिनेट की मंजूरी मिलते ही कॉरपोरेशन का राज्य सरकार के साथ करार होगा। इसके लिए जापान की टीम शीघ्र ही पटना आने वाली है।
इसी तरह झारखंड से वाया कोडरमा आने वाले वाहन भी वाया नवादा-वारसलीगंज होकर गया में प्रस्तावित फोर लेन पर आकर कम समय में पटना पहुंच सकेंगे। हजारीबाग, चतरा, लातेहार, लोहरदगा और डालटनगंज से भी पटना पहुंचने में कम समय लगेगा। इसमें एक प्लस प्वाइंट यह भी कि बोधगया एयरपोर्ट से बिहारशरीफ तक कोई 65 किमी. सड़क को फोरलेन किया जाने वाला है। यह प्रस्ताव भी मंजूरी के लिए पब्लिक इन्वेस्टमेंट बोर्ड के समक्ष जा चुका है।